प्रकाशसंश्लेषण के लिए पौधों को सूर्य की रोशनी की आवश्यकता होती है। प्रयोग द्वारा समझाइए।

प्रकाशसंश्लेषण के लिए पौधों को सूर्य की रोशनी की आवश्यकता होती है। प्रयोग द्वारा समझाइए। उत्तर⇒उदेश्य – प्रकाशसंश्लेषण की अभिक्रिया में प्रकाश की अनिवार्यता प्रदर्शित करना। आवश्यक उपकरण एवं सामग्री – गमला सहित एक स्वच्छ पौधा, गैनोंग का लाइटस्क्रीन अथवा काला कागज एवं क्लिप, चिमटी, त्रिपाद स्टैण्ड, तार की जाली, स्पिरिट लैम्प, पेट्रीडिश एवं बीकर, जल … Read more

पौधों में प्रकाशसंश्लेषण की क्रिया को सचित्र दर्शाइए।

पौधों में प्रकाशसंश्लेषण की क्रिया को सचित्र दर्शाइए। उत्तर⇒प्रकाशसंश्लेषण एक जटिल जैव प्रक्रम है जिसमें हरे पौधे सूर्य के विकिरण ऊर्जा को रासायनिक ऊर्जा में परिवर्तित कर देते हैं। हरी पत्तियों में अवस्थित क्लोरोफिल सूर्य के प्रकाश से उत्पन्न विकिरण ऊर्जा को अवशोषित कर इनके जल को H20एवं 02में विभक्त करती है। 02 रंधों द्वारा … Read more

प्रकाश-संश्लेषण क्रिया को कौन-कौन से कारक प्रभावित करने हैं? स्पष्ट कीजिए।

प्रकाश-संश्लेषण क्रिया को कौन-कौन से कारक प्रभावित करने हैं? स्पष्ट कीजिए। उत्तर⇒ प्रकाश-संश्लेषण की क्रिया को निम्न कारक प्रभावित करते हैं – (i) प्रकाश – प्रकाश-संश्लेषण की क्रिया सूर्य-प्रकाश में होती है, इसलिए । प्रकाश का प्रकार तथा उसकी तीव्रता इस क्रिया को प्रभावित करती हैं। प्रकाश की लाल एवं नीली किरणों तथा 100 फुट कैंडल से … Read more

मानव नेफ्रॉन का स्वच्छ नामांकित चित्र बनाकर वर्णन करें।

मानव नेफ्रॉन का स्वच्छ नामांकित चित्र बनाकर वर्णन करें। उत्तर⇒प्रत्येक वृक्क में लगभग 10,00,000 वृक्क नलिकाएँ होती हैं जिसे नेफ्रॉन कहते हैं। मानव नेफ्रॉन को निम्नलिखित प्रमुख भागों में बाँटा जा सकता है – (i)बोमैन संपूट (Bowman’s Capsule) – यह वृक्क-नलिका के आरंभ में प्याले जैसी संरचना है जो कोशिका गुच्छ या Glomerulus नामक रक्त कोशिकाओं … Read more

रक्त क्या है? इसके घटकों का वर्णन करें।

रक्त क्या है? इसके घटकों का वर्णन करें। उत्तर⇒रक्त-रक्त एक तरल संयोजी ऊतक है। यह लाल रंग का गाढ़ा क्षारीय (pH = 7.4) तरल पदार्थ है जो हृदय तथा रक्त वाहिनियों में प्रवाहित होता है। रक्त के दो प्रमुख घटक होते हैं – (1) प्लाज्मा (2) रक्त कोशिकाएँ । (1) प्लाज्मा—यह रक्त का तरल भाग … Read more

रक्तदाब क्या है ?

रक्तदाब क्या है ? उत्तर⇒ रुधिर वाहिकाओं की भित्ति के विरुद्ध जो दाब लगता है उसे रक्तदाब कहते हैं । यह दाब शिराओं की अपेक्षा धमनियों में बहुत अधिक होता है । धमनी के अंदर रुधिर का दाब निलय प्रकुंचन (संकुचन) के दौरान प्रकुंचन दाब तथा निलय अनुशिथिलन (शिथिलन) के दौरान धमनी के अंदर का दाब … Read more

पौधे अपना उत्सर्जी पदार्थ किस रूप में निष्कासित करते हैं ?

पौधे अपना उत्सर्जी पदार्थ किस रूप में निष्कासित करते हैं ? उत्तर⇒ पौधे अपना उत्सर्जन जंतुओं से बिलकुल भिन्न रूप में युक्ति अपनाकर करते हैं । प्रकाशसंश्लेषण में जनित ऑक्सीजन भी एक अपशिष्ट उत्पाद है । पौधे अतिरिक्त जल से वाष्पोत्सर्जन द्वारा छुटकारा पा सकते हैं । पौधे अपने कुछ उत्पाद जैसे-पत्तियों का क्षय भी कर … Read more

बीजाणुजनन से क्या समझते हैं ? सचित्र समझाएँ।

बीजाणुजनन से क्या समझते हैं ? सचित्र समझाएँ। उत्तर⇒बीजाणुजनन अलैंगिक जनन की एक उन्नत विधि है। यह मुख्य रूप से निम्न श्रेणी के जीवों जैसे—जीवाणु, शैवाल एवं कवक आदि में पाई जाती है। बीजाणुधानियाँ एक सूक्ष्म थैली जैसी संरचनाएँ हैं जो प्रतिकूल परिस्थिति में निर्मित होती है। इनके अंदर असंख्य गोलाकार सूक्ष्म जीवाणु या स्वोर … Read more