मेंडल का स्वतंत्र विन्यास का नियम (Mendels’s law of independent assortment) क्या है ?

मेंडल का स्वतंत्र विन्यास का नियम (Mendels’s law of independent assortment) क्या है ? उत्तर ⇒  मंडल का स्वतंत्र विन्यास का नियम (Mendels law of independent assortment) के अंतर्गत एक आनुवंशिक लक्षण का प्रभावी गुण दूसरे के प्रभावी गुण से ही नहीं, बल्कि अप्रभावी गुण से भी मिल सकता है। इसी प्रकार, एक का अप्रभावी गुण … Read more

मेंडल की सफलता का मुख्य कारण क्या है ?

मेंडल की सफलता का मुख्य कारण क्या है ? उत्तर ⇒  मेंडल की सफलता का मुख्य कारण है कि उन्होंने मटर के पौधे पर प्रयोग किया था, जिसमें विभिन्न रंग एवं प्रकार के पुष्प होते हैं। इसके सारे क्रोमोसोम एक दूसरे से दूर स्थित थे, जिसके कारण मिश्रित नहीं हो पाते थे।

मेंडल ने किन सात लक्षणों पर अपना प्रयोग किया था ?

मेंडल ने किन सात लक्षणों पर अपना प्रयोग किया था ? उत्तर ⇒ मेंडल ने मटर के पौधे पर अपना प्रयोग किया था, जिनमें निम्न लक्षण को चुना गया था – (i) पौधे की लंबाई (ii) पुष्प का रंग (iii) बीज का आकार (iv) बीज का रंग (v) फल का आकार (vi) फल का रंग (vii) … Read more

मेंडल के मटर के पौधों पर प्रयोग से क्या परिणाम निकला ?

मेंडल के मटर के पौधों पर प्रयोग से क्या परिणाम निकला ? उत्तर ⇒  मेंडल के मटर के पौधों पर किए प्रयोग से निम्नलिखित परिणाम निकलें – (i) पौधों में लक्षण कुछ इकाइयों द्वारा नियंत्रित होते हैं। उन्हें कारक कहा जाता है। प्रत्येक लक्षण के लिए युग्मक में एक कारक होता है, जैसे लंबाई, फूल का रंग। … Read more

पक्षियों का विकास डायनोसौर से क्यों माना जाता है ?

पक्षियों का विकास डायनोसौर से क्यों माना जाता है ? उत्तर ⇒  डायनासौर सरीसृप थे। उनके विभिन्न जीवाश्मों में अस्थियों के साथ पंखों की छाप भी स्पष्ट रूप से मिलती है। तब शायद वे सब इन पंखों की सहायता से उड़ नहीं पाते होंगे पर बाद में पक्षियों ने पंखों से उड़ना सीख लिया होगा। इसलिए … Read more

उपार्जित लक्षण क्या है ?

उपार्जित लक्षण क्या है ? उत्तर ⇒  परिवर्तित वातावरण के कारण जीवों के अंगों का उपयोग ज्यादा या कम का उपयोग अधिक होता है वे अधिक विकसित हो जाते हैं तथा जिनका उपयोग नहीं होता है उनका धीरे-धीरे हास हो जाता है । वातावरण के सीधे प्रभाव से या अंगों के कम या अधिक उपयोग के … Read more

जंतु वर्गीकरण के विभिन्न स्तरों का नाम लिखें।

जंतु वर्गीकरण के विभिन्न स्तरों का नाम लिखें। उत्तर ⇒  जंतु वर्गीकरण के विभिन्न स्तरों के नाम निम्नलिखित हैं – जगत (kingdom), उपजगत (subkingdom), फाइलम (phylum) या डिवीजन (division), वर्ग (class), गण (order), कुल (family), वंश (genus) तथा जाति (species)। इस पदानुक्रम में जीवों के वर्गीकरण का आधार उनके गुणों में समानता तथा असमानता है ।

डार्विनवाद के बारे में बताएँ।

डार्विनवाद के बारे में बताएँ। उत्तर ⇒  चार्ल्स डार्विन के अनुसार प्रत्येक जीव में प्रजनन की असीम क्षमता होती है, पर पृथ्वी पर भोजन एवं आवास नियत है। अतः जीवों में अपने अस्तित्व को बचाने के लिए आपस में संघर्ष होता है।

हम अपने माता-पिता के समान क्यों होते हैं ?

हम अपने माता-पिता के समान क्यों होते हैं ? उत्तर ⇒  प्रत्येक जीव में बहुत से ऐसे गण होते हैं जो पीढी दर पीढ़ी माता-पिता अर्थात् जनकों से उनके संतानों में संचरित होते रहते हैं। ऐसे गुणों को आनुवंशिक गुण या पैतृक गुण कहते हैं। इन्हीं गुणों के कारण हम अपने माता-पिता के समान होते हैं।

जीवों में उत्परिवर्तन का मुख्य कारण क्या है ?

जीवों में उत्परिवर्तन का मुख्य कारण क्या है ? उत्तर ⇒  जीवों में उत्परिवर्तन का मुख्य कारण आनुवंशिक विभिन्नता है। यह अर्द्धसूत्री विभाजन के समय होता है, जो नई जाति के विकास में अहम भूमिका निभाता है।