एक्वारेजिया से क्या समझते हैं? इसके क्या उपयोग हैं ?

एक्वारेजिया से क्या समझते हैं? इसके क्या उपयोग हैं ? उत्तर⇒ एक्वारेजिया 3 : 1 के अनुपात में सांद्र हाइड्रोक्लोरिक अम्ल एवं सांद्र नाइट्रिक अम्ल का ताजा मिश्रण होता है। यह गोल्ड को गला सकता है। जबकि दोनों अम्लों में से प्रत्येक की यह क्षमता नहीं है। एक्वारेजिया भभकता द्रव होने के साथ प्रबल संक्षारक है। … Read more

ध्वानिक (सोनोरस) किसे कहते हैं ?

ध्वानिक (सोनोरस) किसे कहते हैं ? उत्तर⇒ जब धातुएँ किसी कठोर सतह से टकराती है तो उनसे एक विशेष प्रकार की ध्वनि उत्पन्न होती है। इसे धातुई ध्वनि कहते हैं। इस प्रकार की धातुएँ ध्वानिक कहलाती हैं। स्कूल की घंटी से निकलने वाली ध्वनि इसका उदाहरण है।

चाँदी, सोना एवं प्लैटिनम का उपयोग आभूषण बनाने में किया जाता है। क्यों ?

चाँदी, सोना एवं प्लैटिनम का उपयोग आभूषण बनाने में किया जाता है। क्यों ? उत्तर⇒ सोना एक कोमल, सुनहले रंग का कीमती धातु है। इसका मुख्य उपयोग आभूषण बनाने में होता है। सोने की शुद्धता को कैरेट (Carat) में मापते हैं। शुद्ध सोना 24 कैरेट का होता है। आभूषण बनाते समय शुद्ध सोने में कम कीमती … Read more

कैरेट सोना का क्या अर्थ है ?

कैरेट सोना का क्या अर्थ है ? उत्तर⇒ शुद्ध सोने को 24 कैरेट कहते हैं। यह काफी नर्म होता है। इससे आभूषण बनाना कठिन है। आजकल गहने बनाने के लिए 22 कैरेट सोने की आवश्यकता होती है। 22 कैरेट सोना थोड़ा कठोर होता है। इसमें 22 भाग शुद्ध सोना और 2 भाग ताँबा या चाँदी मिला … Read more

द्विधर्मी ऑक्साइड क्या है? उदाहरण दें।

द्विधर्मी ऑक्साइड क्या है? उदाहरण दें। उत्तर⇒ वैसे ऑक्साइड को द्विधर्मी अथवा उभयधर्मी ऑक्साइड कहे जाते हैं जिनमें अम्लीय और क्षारीय दानों गुण मौजूद होते हैं। जैसे एलुमिनियम ऑक्साइड। ये अम्लों और क्षारों से अभिक्रिया कर भिन्न-भिन्न यौगिकों का निर्माण करता है। Al2O3 + 6HCI →  2AICI3 + 3H2O Al2O3 + 2NaOH → 2NaAIO2 + H2O

आयनिक यौगिकों के गलनांक उच्च क्यों होते हैं ?

आयनिक यौगिकों के गलनांक उच्च क्यों होते हैं ? उत्तर⇒ आयनिक यौगिक ठोस अवस्था में पाए जाते हैं। इनमें अंतर आण्विक आकर्षण बल काफी मजबूत होते हैं। अतः अंतर आण्विक आकर्षण को तोड़ने के लिए अधिक ऊर्जा की आवश्यकता होती है। यही कारण है कि आयनिक यौगिकों के गलनांक काफी उच्च होते हैं।

पोटैशियम तथा सोडियम धातुओं को किरोसीन तेल में डुबाकर क्यों रखा जाता है?

पोटैशियम तथा सोडियम धातुओं को किरोसीन तेल में डुबाकर क्यों रखा जाता है? उत्तर⇒ सोडियम तथा पोटैशियम तीव्र अभिक्रियाशील तत्त्व हैं। यह वायुमंडलीय ताप पर ही जल उठता है। अत: इसे खुले वायु में रखने से दुर्घटना की सम्भावना होती है। यही कारण है कि इसे किरोसीन तेल में डुबा कर रखा जाता है जिससे इसकी … Read more

आघातवर्ध्यता से क्या समझते हैं ?

आघातवर्ध्यता से क्या समझते हैं ? उत्तर⇒ कुछ धातुओं को पीटकर चद्दर बनाए जाते हैं। इस गुणधर्म का आघातवर्ध्यता कहते हैं। इसी गुण के कारण एलुमिनियम के चद्दर, लोहे के चद्दर आदि बनाए जाते हैं।

निम्न पदों की परिभाषा दें–

निम्न पदों की परिभाषा दें– (i) खनिज (ii) अयस्क (iii) गैंग (iv) निस्तापन (v) भर्जन उत्तर⇒ (i) खनिज- भू-पर्पटी में प्राकृतिक रूप से पाए जाने वाले तत्त्वों या यौगिकों को खनिज कहते हैं। ये प्रायः खानों से निकाले जाते हैं। (ii) अयस्क- वैसे खनिज जिनसे धातु का व्यावसायिक उत्पादन होता है, अयस्क कहलाते हैं। अयस्कों में धातु … Read more

एनोड पंक क्या है? उदाहरण के साथ समझावें।

एनोड पंक क्या है? उदाहरण के साथ समझावें। उत्तर⇒ विद्युत शोधन में जब विद्युत धारा प्रवाहित की जाती है तब एनोड पर स्थित अशद्ध धातु केटायन के रूप में घोल में जाने लगती है। उतनी ही मात्रा में शुद्ध धातु कैथोड पर जमा होती है। घुलनशील अशुद्धियाँ घोल में चली जाती हैं। अघुलनशील अशुद्धियाँ एनोड के … Read more