पाठ्यपुस्तक से आप क्या समझते हैं ?

पाठ्यपुस्तक से आप क्या समझते हैं ? उत्तर— पाठ्यपुस्तक—शिक्षण के कार्य में पाठ्य-पुस्तकें सहायक रही हैं तथा अध्यापक का मार्ग-प्रदर्शन करती आ रही हैं। एक विद्वान के शब्दों में—“पाठ्य पुस्तक ज्ञान को मितव्ययी ढंग से प्रदान करने के लिये आवश्यक है। यह मनुष्यों तथा अध्यापकों का समय बचाती है, एक ही समय में लाखों मनुष्यों … Read more

आलेख के महत्त्व को स्पष्ट कीजिए ।

आलेख के महत्त्व को स्पष्ट कीजिए ।                            अथवा लेख क्या है ?                           अथवा आलेख किसे कहते हैं ? स्पष्ट कीजिए । उत्तर— आलेख–आलेख मीडिया से जुड़ी हुई नई विधा … Read more

लिखित अभिव्यक्ति का अर्थ स्पष्ट कीजिए ।

लिखित अभिव्यक्ति का अर्थ स्पष्ट कीजिए । उत्तर— लिखित अभिव्यक्ति का अर्थ—व्यक्ति अपने विचारों को बोलकर और लिखकर व्यक्त करता है । जब श्रोता समीप ही हो तो व्यक्ति अपने भावों एवं विचारों को बोलकर प्रकट करता है किन्तु जब श्रोता दूर हो तो ऐसा असम्भव है। उसके लिये लिखित रूप में व्यक्त करना आवश्यक … Read more

उपन्यास को परिभाषित कीजिए। इसके विभिन्न तत्त्वों का उल्लेख कीजिए।

उपन्यास को परिभाषित कीजिए। इसके विभिन्न तत्त्वों का उल्लेख कीजिए।  उत्तर— उपन्यास का अर्थ—हिन्दी में उपन्यास ‘उप’ तथा ‘न्यास’ दो शब्दों के मेल से बना है। ‘उप’ एक उपसर्ग है तथा इसका अर्थ है – समीप, सामने, संगति या युक्ति। ‘न्यास’ का अर्थ है- धरोहर । अतः उपन्यास का व्युत्पत्ति लभ्य अर्थ होगा- ‘एक ऐसी … Read more

वाचन की विशेषताएँ बताते हुए मौन वाचन की उपयोगिता एवं महत्त्व का प्रतिपादन कीजिए।

वाचन की विशेषताएँ बताते हुए मौन वाचन की उपयोगिता एवं महत्त्व का प्रतिपादन कीजिए। उत्तर— वाचन के बिना व्यक्ति अपनी अनुभूतियों को अभिव्यक्त नहीं कर सकता। व्यक्ति का सबसे बड़ा आभूषण उसकी सुसंस्कृत एवं मधुर वाणी है। विकास वाचन पर ही आधारित है। वाचन एक कला है। यहाँ वाचन की मुख्य विशेषताएँ दी जा रही … Read more

भिन्न-भिन्न तरह के पाठों के बारे में लिखिए। कहानी को विस्तार से समझाइए ।

भिन्न-भिन्न तरह के पाठों के बारे में लिखिए। कहानी को विस्तार से समझाइए ।  उत्तर— लिखित अभिव्यक्ति को जब व्यवस्थित रूप में प्रस्तुत किया जाता है तो यह लिखित पाठ्यवस्तु या पाठ कहलाती है । लेखन के स्वरूप के आधार पर पाठ का स्वरूप निर्धारित होता है। इस प्रकार विभिन्न पाठों का निर्माण और उनका … Read more

‘संस्मरण’ को परिभाषित कीजिए । संस्मरण की विशेषताएँ क्या हैं तथा संस्मरण के तत्त्व क्या हैं ?

‘संस्मरण’ को परिभाषित कीजिए । संस्मरण की विशेषताएँ क्या हैं तथा संस्मरण के तत्त्व क्या हैं ? उत्तर— संस्मरण हिन्दी साहित्य की नूतन विधा है। डॉ. शान्ति स्वरूप गुप्त के शब्दों में—“ भावुक कलाकार जब अतीत की अनन्त स्मृतियों में कुछ स्मरणीय अनुभूतियों को अपनी कोमल कल्पना से अनुरंजित कर व्यंजनामूलक संकेत शैली में व्यक्त … Read more

सस्वर वाचन के भेद बताइए। इसके महत्त्व का उल्लेख कीजिए।

सस्वर वाचन के भेद बताइए। इसके महत्त्व का उल्लेख कीजिए।  उत्तर— सस्वर वाचन के भेद–सस्वर वाचन के दो भेद हैं— (i) व्यक्तिगत वाचन तथा (ii) सामूहिक या समवेत वाचन । शिक्षक द्वारा किए गए व्यक्तिगत वाचन को आदर्श वाचन तथा विद्यार्थियों द्वारा किए हुए व्यक्तिगत वाचन को अनुकरण वाचन कहते हैं। कक्षा-शिक्षण दृष्टि से ‘सस्वर … Read more

कहानी शिक्षण के उद्देश्य एवं महत्त्व को विस्तार से स्पष्ट कीजिए।

कहानी शिक्षण के उद्देश्य एवं महत्त्व को विस्तार से स्पष्ट कीजिए।  उत्तर— कहानी शिक्षण के उद्देश्य—कहानी के प्रकार तथा तत्त्वों का क्षेत्र अधिक विस्तृत है इसलिये शिक्षण के उद्देश्य भी अनेक हैं। प्रमुख उद्देश्य निम्न प्रकार से हैं— (i) छात्रों को ज्ञान प्रदान करने के साथ स्वस्थ मनोविनोद एवं मनोरंजन की शिक्षा देना। (ii) छात्रों … Read more

चयनित विषयवस्तु में हास्यात्मक चित्र कथाओं के लक्षण बताइए।

चयनित विषयवस्तु में हास्यात्मक चित्र कथाओं के लक्षण बताइए। उत्तर— चयनित विषयवस्तु में हास्य कथाओं का समावेश आवश्यक होता है क्योंकि जब तक छात्रों का कक्षा-कक्ष में मनोरंजन नहीं होगा तब तक उनकी रुचि कक्षा-कक्ष में नहीं होगी। इसलिये प्रत्येक शिक्षक से यह अपेक्षा की जाती है कि उसको अपने स्तर से सभी छात्रों का … Read more