ब्रेटन वुड्स समझौता की व्याख्या करें।

ब्रेटन वुड्स समझौता की व्याख्या करें। उत्तर ⇒ इस प्रकार आर्थिक स्थिरता और पूर्ण रोजगार की गारंटी के लिए सरकारी हस्तक्षेप को कार्यान्वित करने की प्रक्रिया पर विचार विमर्श करने के लिए जुलाई, 1944 में अमेरिका के न्यू हैम्पशायर में ब्रेटन वुड्स नामक स्थान पर एक सम्मेलन आयोजित किया गया। विचार-विमर्श करने के बाद दो संस्थानों … Read more

आधुनिक ग में विश्व अर्थव्यवस्था तथा विश्व बाजार के प्रभावों को स्पष्ट करें।

आधुनिक ग में विश्व अर्थव्यवस्था तथा विश्व बाजार के प्रभावों को स्पष्ट करें। उत्तर ⇒आधुनिक युग में अर्थव्यवस्था के अंतर्गत विश्व अर्थतंत्र और विश्व बाजार ने आर्थिक के साथ-साथ राजनैतिक जीवन को भी गहराई से प्रभावित किया है। 1919 के बाद विश्वव्यापी अर्थतंत्र में यूरोप के स्थान पर संयुक्त राज्य अमेरिका और सोवियत रूस का … Read more

विश्व बाजार की क्या उपयोगिता है ? इससे क्या हानियाँ हुई है ?

विश्व बाजार की क्या उपयोगिता है ? इससे क्या हानियाँ हुई है ? उत्तर ⇒ आर्थिक गतिविधियों के कार्यान्वयन में विश्व बाजार की महत्त्वपूर्ण उपयोगिता है। विश्व बाजार व्यापारियों, पूँजीपतियों, किसानों, श्रमिकों, मध्यम वर्ग तथा सामान्य उपभोक्ता वर्ग के हितों की सरक्षा करता है। विश्व बाजार का विकास होने से किसान अपने उत्पाद दूर-दूर के स्थानों … Read more

1950 के दशक के बाद अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक संबंधों की विवेचना . करें।

1950 के दशक के बाद अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक संबंधों की विवेचना . करें। उत्तर ⇒ 1950 के दशक के बाद अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक संबंधों की व्याख्या विभिन्न दृष्टिकोण के आधार पर की जा सकती है (i) साम्यवादी विकास- 1945 के बाद के विश्व अर्थव्यवस्था और अंतर्राष्ट्रीय सबधों का क्रमशः साम्यवादी राज्य नियंत्रित अर्थव्यवस्था और बाजार तथा मुनाफा आधारित पूँजीवादी … Read more

1945 से 1960 के बीच विश्व स्तर पर विकसित होने वाले आर्थिक संबंधों पर प्रकाश डालें।

1945 से 1960 के बीच विश्व स्तर पर विकसित होने वाले आर्थिक संबंधों पर प्रकाश डालें। उत्तर ⇒ 1945 से 1960 के बीच विश्व स्तर पर विकसित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक संबंधों को तीन क्षेत्रों में विभाजित करके देखने का प्रयास किया जा सकता है। प्रथम, 1945 के बाद विश्व में दो भिन्न अर्थव्यवस्था का प्रभाव … Read more

दो महायुद्धों के बीच और 1945 के बाद औपनिवेशिक देशों में होनेवाले राष्ट्रीय आन्दोलनों पर एक निबंध लिखें।

दो महायुद्धों के बीच और 1945 के बाद औपनिवेशिक देशों में होनेवाले राष्ट्रीय आन्दोलनों पर एक निबंध लिखें। उत्तर ⇒ प्रथम विश्वयुद्ध के समाप्त होते ही मित्र राष्ट्रों ने दुनिया के सभी राष्ट्रों के लिए जनतंत्र तथा राष्ट्रीय आत्मनिर्णय का एक नया यग आरम्भ करने का वचन दिया था। ब्रिटिश सरकार ने तो यह घोषणा कर … Read more

1919 से 1945 के बीच विकसित होनेवाले राजनैतिक और आर्थिक संबंधों पर टिप्पणी लिखें।

1919 से 1945 के बीच विकसित होनेवाले राजनैतिक और आर्थिक संबंधों पर टिप्पणी लिखें। उत्तर ⇒ युद्धोत्तर आर्थिक व्यवस्था और अंतर्राष्ट्रीय संबंधों को दो चरणों में बाँटकर देखा जा सकता है (i) 1920 से 1929 तक का काल तथा (ii) 1929 से द्वितीय विश्वयुद्ध की समाप्ति अथवा 1945 तक का काल। इस समय के अंतर्राष्ट्रीय संबंधों … Read more

आर्थिक मंदी का अमेरिका, यूरोप तथा भारत पर हुए प्रभावों को इंगित करें।

आर्थिक मंदी का अमेरिका, यूरोप तथा भारत पर हुए प्रभावों को इंगित करें। उत्तर ⇒1929 ई० की आर्थिक संकट मंदी का प्रभाव अमेरिका, युरोप सहित भारत पर भी पडा जो निम्नलिखित हैं (i) अमेरिका पर प्रभाव- आर्थिक मंदी का सबसे बुरा परिणाम अमेरिका को झेलना पड़ा। मंदी के कारण बैंकों ने लोगों को कर्ज देना बंद … Read more

1929 के आर्थिक संकट के कारण एवं परिणामों को स्पष्ट करें।

1929 के आर्थिक संकट के कारण एवं परिणामों को स्पष्ट करें। उत्तर ⇒ 1929 के आर्थिक संकट के कारण-1929 के आर्थिक संकट के महत्त्वपूर्ण कारण निम्नलिखित हैं- (i) कृषि के क्षेत्र में अति उत्पादन के कारण विश्व बाजारों में खाद्यान्नों की आपूर्ति आवश्यकता से अधिक हो गई। इससे अनाज के मूल्य में कमी आई तथा उनका खरीददार … Read more

एक औपनिवेशिक शहर के रूप में बंबई शहर के विकास की समीक्षा करें।

एक औपनिवेशिक शहर के रूप में बंबई शहर के विकास की समीक्षा करें। उत्तर ⇒ बंबई भारत का एक प्रमुख शहर था। सत्रहवीं शताब्दी में यह सात टापुओं का इलाका था। 1661 ई० में इंगलैंड के सम्राट चार्ल्स द्वितीय का विवाह पुर्तगाल की राजकुमारी से हुआ, जिसके परिणामस्वरूप पुर्तगाल ने चार्ल्स द्वितीय को दहेज में बंबई … Read more