अठारहवीं शताब्दी में भारत के मुख्य उद्योग कौन-कौन से थे ?

अठारहवीं शताब्दी में भारत के मुख्य उद्योग कौन-कौन से थे ? उत्तर ⇒ अठारहवीं शताब्दी तक भारतीय उद्योग विश्व में सबसे अधिक विकसित थे। इस समय कुटीर उद्योग, भारतीय हस्तकला, शिल्प उद्योग मुख्य रूप से प्रचलित थे।

स्लम पद्धति की शुरुआत कैसे हुई ?

स्लम पद्धति की शुरुआत कैसे हुई ? अथवा, स्लम से आप क्या समझते हैं ? इसकी शुरुआत क्यों और कैसे हुइ ? उत्तर ⇒ छोटे, गंदे और अस्वास्थ्यकर स्थानों में जहाँ फैक्ट्री मजदूर निवास करते हैं वैसे आवासीय स्थलों को ‘स्लम’ कहा जाता है। औद्योगिकीकरण के फलस्वरूप बड़े-बड़े कारखाने स्थापित हुए जिसमें काम करने के लिए … Read more

वर्तमान समय में भारत में कितने स्टील प्लांट हैं ?

वर्तमान समय में भारत में कितने स्टील प्लांट हैं ? उत्तर ⇒ वर्तमान समय में भारत में 7 स्टील प्लांट कार्यरत हैं। ये हैं – (i) इंडियन आयरन एंड स्टील कंपनी, हीरापुर (ii) टाटा आयरन एंड स्टील कंपनी जमशेदपुर (iii) विश्वेश्वरैया आयरन एंड स्टील कंपनी, ‘भद्रावती (कर्नाटक) (iv) राउरकेला स्टील प्लांट, राउरकेला (v) भिलाई स्टील प्लांट, भिलाई (vi) दुर्गापुर स्टील प्लांट, दुर्गापुर … Read more

1850 -1914 तक के भारतीय उद्योगों की क्या विशेषता थी ?

1850 -1914 तक के भारतीय उद्योगों की क्या विशेषता थी ? उत्तर ⇒ इस अवधि में वैसे उद्योगों को बढ़ावा दिया गया जो निर्यात करनेवाले सामानों का उत्पादन करते थे और जो राष्ट्र के लिए लाभदायक थे जैसे-पटसन और चाय।. साथ ही वैसे माल का उत्पादन हुआ जिसमें विदेशी प्रतिस्पर्धा अधिक नहीं थी।

1850 के बाद ब्रिटिश सरकार ने अपने उद्योगों को विकसित करने के लिए क्या किया? इसका देशी उद्योगों पर क्या प्रभाव पड़ा ?

1850 के बाद ब्रिटिश सरकार ने अपने उद्योगों को विकसित करने के लिए क्या किया? इसका देशी उद्योगों पर क्या प्रभाव पड़ा ? उत्तर ⇒ 1850 के बाद ब्रिटिश सरकार ने अपने उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए मुक्त व्यापार की नीति अपनाई। भारत से आयातित निर्मित वस्तुओं पर भारी बिक्री कर सीमा शुल्क और परिवहन … Read more

स्वदेशी आंदोलन का उद्योगों पर क्या प्रभाव पड़ा ?

स्वदेशी आंदोलन का उद्योगों पर क्या प्रभाव पड़ा ? उत्तर ⇒ 1905 के बंग – भंग आंदोलन में स्वदेशी और बहिष्कार की नीति से भारतीय उद्योग लाभान्वित हुए। धागा के स्थान पर कपड़ा बनना आरंभ हुआ। इससे वस्त्र उत्पादन में तेजी आई। 1912 तक सूती वस्त्र उत्पादन दोगुना हो गया। उद्योगपतियों ने सरकार पर दबाव डाला … Read more

उत्पादक अपने उत्पादों को प्रचार करने के लिए कौन-कौन से साधन अपनाते थे ?

उत्पादक अपने उत्पादों को प्रचार करने के लिए कौन-कौन से साधन अपनाते थे ? उत्तर ⇒ उत्पादों को बेचने के लिए एवं ग्राहकों को आकृष्ट करने के लिए उत्पादक अपने सामान पर लेबल लगाते थे। लेबलों से ही उत्पाद की गुणवत्ता स्पष्ट होती थी। अनेक लेबलों पर प्रभावशाली व्यक्तियों और देवी-देवताओं के चित्र बनाए जाते थे … Read more

1813 ई० का चार्टर एक्ट क्या था ?

1813 ई० का चार्टर एक्ट क्या था ? उत्तर ⇒ 1813 ई० में ब्रिटिश संसद द्वारा पारित अधिनियम था जिसमें व्यापार पर से ईस्ट इंडिया कंपनी का एकाधिपत्य समाप्त कर दिया गया तथा उसके स्थान पर मुक्त व्यापार की नीति (Policy of Free Trade) का अनुसरण किया गया।

इंगलैंड ने अपने वस्त्र उद्योग को बढ़ावा देने के लिए क्या किया ?

इंगलैंड ने अपने वस्त्र उद्योग को बढ़ावा देने के लिए क्या किया ? उत्तर ⇒ इंगलैंड में यांत्रिक युग का आरंभ सूती वस्त्र उद्योग से हुआ। 1773 में लंकाशायर के वैज्ञानिक जान के ने फ्लाइंग शटल नामक मशीन बनाई। इससे बुनाई की रफ्तार बढी तथा सृत की माँग बढ़ गई। 1765 में ब्लैक बर्न के जेम्स … Read more

घरेलू और कटीर उद्योग को परिभाषित करें।

घरेलू और कटीर उद्योग को परिभाषित करें। उत्तर ⇒ घरेलू उद्योगों में मशीनों का उपयोग नहीं होता था। जैसे खाद्य प्रसंस्करण, निर्माण, मिट्टी के बरतन बनाना, काँच का सामान बनाना, वस्त्र निर्माण, चमड़े का सामान बनाना, फर्नीचर निर्माण आदि घरेलू उद्योगों की श्रेणी में आते हैं। कुटीर उद्योग उपभोक्ता वस्तुओं अत्यधिक संख्या को रोजगार तथा राष्ट्रीय … Read more