कर्मवीरकथा पाठ का पाँच, वाक्यों में परिचय दें।

कर्मवीरकथा पाठ का पाँच, वाक्यों में परिचय दें। उनर→इस पाठ में एक पुरुषार्थी की कथा है जो निर्धनता एवं दलित जाति में जन्म जैसे विपरीत परिवेश में भी रहकर प्रबल इच्छाशक्ति तथा उन्नति की उत्कट कामना के कारण उच्च पद पर पहुँचता है। यह कथा किशोरों में आत्मविश्वास की ओर आत्मसम्मान उत्पन्न करती है, विजय … Read more

रामप्रवेश राम का चरित्र-चित्रण करें।

रामप्रवेश राम का चरित्र-चित्रण करें। उनर→रामप्रवेश राम ‘कर्मवीरकथा’ का प्रमुख पात्र है। इनका जन्म बिहार राज्य अन्तर्गत भीखनटोला में हुआ है । कभी खेलों में संलग्न रहनेवाले रामप्रवेश राम अध्यापक का सान्निध्य पाकर, विद्याध्ययन में जुट गये। गुरु का आशीर्वाद और मेहनत उनकी सफलता की सीढ़ी बनते गये। धनाभाव के बीच भी उन्होंने अपना अध्ययन … Read more

कर्मवीर कथा से हमें क्या शिक्षा मिलती है ?

कर्मवीर कथा से हमें क्या शिक्षा मिलती है ? उनर→ कर्मवीर शब्द से ही आभास होने लगता है कि निश्चय ही कोई ऐसा कर्मवीर है जो अपनी निष्ठा, उद्यम, सेवाभाव आदि के द्वारा उत्तम पद को प्राप्त किये हुए है। प्रस्तुत पाठ में एक ऐसे ही कर्मवीर की चर्चा है जो अभावग्रस्त जीवन-यापन करते हुए भी … Read more

‘नीति श्लोका’ पाठ के आधार पर मनुष्य के षड् दोषों का हिन्दी में वर्णन करें।

‘नीति श्लोका’ पाठ के आधार पर मनुष्य के षड् दोषों का हिन्दी में वर्णन करें। उत्तर- मनुष्य के छः प्रकार के दोष निद्रा, तन्द्रा, भय, क्रोध, आलस्य तथा दीर्घसूत्रता ऐश्वर्य प्राप्ति में बाधक बनने वाले होते हैं। नीतिकार का कहना है कि जिसमें ये दोष पाए जाते हैं वह चाहते हुए भी सुख की प्राप्ति नहीं … Read more

‘नीति श्लोकाः पाठ में मूढ़चेतानराधम किसे कहा गया है ?

‘नीति श्लोकाः पाठ में मूढ़चेतानराधम किसे कहा गया है ? उत्तर- जिन व्यक्तियों का स्वाभिमान मरा हुआ होता है, जो बिना बुलाए किसी के यहाँ जाता है, बिना कुछ पूछे बक-बक करता है। जो अविश्वसनीय पर विश्वास करता है ऐसा मूर्ख हृदयवाला मनुष्यों में नीच होता है। अर्थात् ऐसी ही व्यक्ति को ‘नीतिश्लोकाः’ पाठ में मूढचेतानराधम … Read more

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ से हमें क्या शिक्षा मिलती है ?

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ से हमें क्या शिक्षा मिलती है ? उत्तर- विदुर-नीति ग्रंथ से नीतिश्लोकाः पाठ उद्धृत है। इसमें महात्मा विदुर मन को शांत करने के लिए कुछ श्लोक लिखे हैं । इन श्लोकों से हमें यह शिक्षा मिलती है कि सांसारिक सुख क्षणिक और आध्यात्मिक सुख स्थायी है। सुंदर आचरण से हम बुरे आचरण को समाप्त … Read more

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ से हमें क्या संदेश मिलता है ?

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ से हमें क्या संदेश मिलता है ? उत्तर- ‘नीतिश्लोकाः’ पाठ महात्मा विदुर-रचित ‘विदुर-नीति’ ग्रंथ से उद्धृत है। इस ग्रंथ में महाभारत तथा भागवत गीता में समान चित्त को शांत करनेवाला आध्यात्मिक श्लोक है। इन श्लोकों में जीवन के यथार्थ पक्ष का वर्णन किया गया है। इससे संदेश मिलता है कि सत्य ही सर्वश्रेष्ठ है। … Read more

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ के आधार पर सुलभ और दुर्लभ कौन है ?

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ के आधार पर सुलभ और दुर्लभ कौन है ? उत्तर- सदा प्रिय बोलनेवाले, अर्थात जो अच्छा लगे वही बोलनेवाले मनुष्य सुलभ हैं। अप्रिय और जीवन को सही मार्ग पर ले जानेवाले वचन बोलने वाले तथा सुनने वाले मनुष्य दोनों ही प्रायः दुर्लभ हैं। हमसे जुड़ें, हमें फॉलो करे .. Telegram ग्रुप ज्वाइन करे – Click … Read more

उन्नति की इच्छा रखनेवाले मनुष्यों को क्या करना चाहिए ?

उन्नति की इच्छा रखनेवाले मनुष्यों को क्या करना चाहिए ? उत्तर- उन्नति की इच्छा रखनेवाले मनुष्यों को निद्रा (अधिक सोना) तथा तंद्रा (ऊँघना) को त्याग देना चाहिए । इतना ही नहीं भय, क्रोध, आलस्य और काम को टालने की आदत को भी सदा के लिए छोड़ देना चाहिए । नीतिश्लोकाः पाठ में महात्मा विदुर का कथन … Read more

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ के आधार पर स्त्रियों को क्या विशेषताएँ हैं ?

‘नीतिश्लोकाः’ पाठ के आधार पर स्त्रियों को क्या विशेषताएँ हैं ? उत्तर- स्त्रियाँ घर की लक्ष्मी हैं। ये पूजनीया तथा महाभाग्यशाली हैं। ये पुण्यमयी और घर को प्रकाशित करनेवाली कही गई हैं। अतएव स्त्रियाँ विशेष रूप से रक्षा करने योग्य होती हैं। हमसे जुड़ें, हमें फॉलो करे .. Telegram ग्रुप ज्वाइन करे – Click Here Facebook पर फॉलो … Read more