आपदा प्रबंधन

आपदा प्रबंधन आपदा की परिभाषा भारत दुनिया के सबसे ज्यादा आपदा प्रभावित देशों में से एक है। इसकी भौगोलिक स्थिति और विशेषताओं के कारण चक्रवात, सूखा, बाढ़, भूकंप, आग, भूस्खलन और हिमस्खलन जैसी अनेक प्राकृतिक आपदाओं की अत्यधिक संभावनाएं हैं। आपदा वह घटना होती है जो समाज के सामान्य जीवन के लिए अचानक त्रासदी का … Read more

सुरक्षा बल एवं संस्थाए तथा उनके अधिदेश

सुरक्षा बल एवं संस्थाए तथा उनके अधिदेश  केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) मूल रूप से केन्द्रीय सुरक्षा बल दो प्रकार के हैं- सीएपीएफ एवं सीपीएमएफ । सीएपीएफ ‘केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों को कहा जाता है । इस शब्दावली की शुरुआत सन् 2011 में हुईं। भारत सरकार के निम्नलिखित आठ पुलिस बलों को ‘केंद्रीय सशस्त्र पुलिस … Read more

सुरक्षा चुनौतियां और सीमावर्ती क्षेत्रों में उनका प्रबंधन

सुरक्षा चुनौतियां और सीमावर्ती क्षेत्रों में उनका प्रबंधन सीमा सुरक्षा की चुनौतियां सीमाएं, राष्ट्र की सप्रभुता, एकता और अखंडता के लिए अत्यन्त महत्त्वपूर्ण होती हैं। सीमाओं को राष्ट्र के गौरव के प्रतीक के तौर पर भी देखा जाता है। अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर सीमाओं के तीन प्रकार हैं:   थल सीमा  समुद्री सीमा   वायु सीमा वर्तमान विश्व … Read more

सायबर सुरक्षा और समाजिक मीडिया

सायबर सुरक्षा और समाजिक मीडिया साइबर सुरक्षा क्या है? साइबर स्पेस में डाटा नेटवर्क तथा साइबर उपकरणों की सुरक्षा व्यवस्था ‘साइबर सुरक्षा’ है। सूचना की चोरी होने, दुरुपयोग होने या उस पर हमले से रोकने के लिए उठाए जाने वाले सुरक्षात्मक कदम भी साइबर सुरक्षा के अंतर्गत आते है। साइबर सुरक्षा एक जटिल विषय है, … Read more

संगठित अपराध

संगठित अपराध  संगठित अपराध क्या है ? संगठित अपराध का अर्थ प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से आर्थिक या अन्य प्रकार के फायदे के लिए तीन या इससे अधिक व्यक्तियों के संगठित दल द्वारा कुछ समय के लिए एकजुट होकर गंभीर अपराध या जुर्म की घटनाओं को अंजाम देना है। इसके कई स्वरूप हैं। संगठित अपराध … Read more

सांप्रदायिक हिंसा

सांप्रदायिक हिंसा  भारतीय संदर्भ में धर्मनिरपेक्षता भारत एक बहु-धार्मिक, बहु-जातीय, बहु-सांस्कृतिक तथा बहु-आयामी देश है। अनेकता में एकता, भारतीय सभ्यता की सुंदरता एवं अनूठापन है। भारतीय संविधान एक ऐसे प्रयास का फल है जिसका स्वभाव भारतीय राजनीति में मिश्रित संस्कृति तथा स्थाई मूल्यों को प्रोत्साहित करना है। अपनी प्रस्तावना, मौलिक अधिकार तथा निदेशात्मक निर्देश के … Read more

विकाश एव फैसले उग्रवाद के बीच संबध

विकाश एव फैसले उग्रवाद के बीच संबध संयुक्त राष्ट्र महासचिव कोफी अन्नान ने एक बार कहा था, “जब तक विश्व में असंख्य लोग पीड़ित एवं वचित हैं। तब तक कोई भी व्यक्ति सहज और सुरक्षित महसूस नहीं कर सकता । ” अतः अविकसित समाज का कष्टपूर्ण तथा अभाव भरा जीवन निसंदेह आंतरिक सुरक्षा के ऊपर … Read more

वामपंथी उग्रवाद: राष्ट के विरुद्ध लड़ाई

वामपंथी उग्रवाद: राष्ट के विरुद्ध लड़ा वामपंथी उग्रवाद या नक्सलवाद क्या हैं? ‘नक्सल’ शब्द पश्चिम बंगाल के दार्जीलिंग जिले के नक्सलबाड़ी गांव से लिया गया है, जहां 1967 में चारू मजूमदार, कानू सन्याल तथा जंगल संथाल के नेतृत्व में एक आंदोलन की शुरुआत हुई थी। तब से विभिन्न कम्युनिस्ट गोरिल्ला गुटों द्वारा हिंसा कर राष्ट्र … Read more

उत्तर – पूर्व क्षेत्र का विद्रोह

उत्तर – पूर्व क्षेत्र का विद्रोह  पूर्वोत्तर भारत भारत के पूर्वोत्तर क्षेत्र में आठ राज्य हैं। इनमें सात बहनें- अरुणाचल प्रदेश, असम, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड और त्रिपुरा हैं। इनके साथ सिक्किम को मिला कर कुल आठ राज्य होते हैं। पूर्वोत्तर क्षेत्र देश के कुल भू-भाग का आठ फीसद हिस्से और सकल आबादी के चार … Read more

जम्मू और कशमीर में आतंवाद

जम्मू और कशमीर में आतंवाद 3.1 ऐतिहासिक पृष्ठभूमि ♦स्वतंत्रता – पूर्व महाराजा रणजीत सिंह के निधन के बाद, ब्रिटिश साम्राज्य ने सिखों के भू-भाग पर अपनी नज़र जमाई। आगामी लड़ाई में, गुलाब सिंह (जो महाराजा रणजीत सिंह के डोगरा जनरल थे और जिन्हें महाराजा ने जम्मू का राजा बनाया था) ब्रिटिश सरकार के साथ हो … Read more