‘नानक लीन भयो गोविंद सो, ज्यों पानी संग पानी की व्याख्या करें।
‘नानक लीन भयो गोविंद सो, ज्यों पानी संग पानी की व्याख्या करें। उत्तर :- प्रस्तुत पंक्ति हमारी पाठ्य-पुस्तक के महान संत कषि गुरुनानक के द्वारा रचित “जो नर दु:ख में दुःख नहिं मान” पाठ से उद्धत हैं। इसमें कवि ब्रह्म की सत्ता की महत्ता को बताते हैं। प्रस्तुत व्याख्येय पंक्ति के माध्यम से कवि कहना … Read more