विभिन्न दर्शन एवं दार्शनिकों के अनुसार ज्ञान प्राप्ति के साधनों को समझाइये ।

विभिन्न दर्शन एवं दार्शनिकों के अनुसार ज्ञान प्राप्ति के साधनों को समझाइये ।  उत्तर— विभिन्न दर्शन एवं दार्शनिकों के अनुसार ज्ञान प्राप्ति के साधन–प्राय: सभी दर्शन एवं दार्शनिकों द्वारा ज्ञान प्राप्ति के साधन का विवेचन किया गया है। चार्वाक केवल प्रत्यक्ष को ही प्रमाण (साधन) मानता है। बौद्ध दर्शन में प्रत्यक्ष और अनुमान दो प्रमाण … Read more

समाज के विशेष संदर्भ में ज्ञान प्राप्ति के विभिन्न स्रोतों की व्याख्या कीजिए ।

समाज के विशेष संदर्भ में ज्ञान प्राप्ति के विभिन्न स्रोतों की व्याख्या कीजिए ।  उत्तर—ज्ञान के रूप में समाज के प्रमुख आधार निम्नलिखित हैं— (1) रीतियाँ–रीतियाँ अथवा प्रथाएँ कार्य करने के वे तरीके हैं जिनका किसी समूह अथवा समुदाय में एक लम्बे समय से प्रचलन रहा है। यह रीतियाँ व्यवहार के लगभग सभी क्षेत्रों में … Read more

ज्ञान के सम्प्रत्यय को परिभाषित कीजिए और इसकी प्रकृति को भी स्पष्ट कीजिए।

ज्ञान के सम्प्रत्यय को परिभाषित कीजिए और इसकी प्रकृति को भी स्पष्ट कीजिए। उत्तर— ज्ञान का सम्प्रत्यय–’ज्ञान’ शब्द ‘ज्ञ’ धातु से बना है जिसका अर्थ ‘ जानना’, ‘बोध’, ‘साक्षात् अनुभव’ एवं ‘प्रकाश’ से माना गया है। सरल शब्दों में कहा जाए तो किसी वस्तु अथवा विषय के स्वरूप का, जैसे वह है, वैसा ही अनुभव … Read more

आधुनिकीकरण क्या है ? आधुनिकीकरण के लाभहानियों का वर्णन कीजिए ।

आधुनिकीकरण क्या है ? आधुनिकीकरण के लाभहानियों का वर्णन कीजिए ।  उत्तर— आधुनिकीकरण का अर्थ–आधुनिकीकरण का शाब्दिक अर्थ है, ‘आधुनिकतम विचारों का स्वरूप व आधुनिकतम स्तर से अनुकूलन करना।” इस प्रकार के अनुकूलन में हम परम्परा अथवा अर्द्ध परम्परा को त्यागकर विचारों, कार्यों व तथ्यों को आधुनिकतम उपलब्धियों की सहायता से सरल, सुगम, सुविधाजनक एवं … Read more

ज्ञान प्राप्ति के स्रोत के रूप में विद्यालय के कार्य व महत्त्व को बताइये ।

ज्ञान प्राप्ति के स्रोत के रूप में विद्यालय के कार्य व महत्त्व को बताइये ।  उत्तर— ज्ञान प्राप्ति के स्रोत के रूप में विद्यालय के कार्य व महत्त्व— (1) सामाजिक कौशल में विकास–स्कूल को समस्त सामाजिक गुणों का स्रोत कहा जाता है। यह केवल समाज का दर्पण ही नहीं बल्कि समाज के लिए उचित आदर्शों … Read more

ज्ञान क्या है ? इसके महत्त्व को बताइये ।

ज्ञान क्या है ? इसके महत्त्व को बताइये । उत्तर— ज्ञान क्या है?— ज्ञान एक ऐसा शब्द है जो सामान्य रूप से प्रयोग किया जाता है। ज्ञान किसी वस्तु या विषय के सम्बन्ध में यथार्थ जानकारी है। ज्ञान का अर्थ बहुत व्यापक है। ज्ञान शब्द का प्रयोग किसी वस्तु या विषय के सम्बन्ध में उसके … Read more

समाज और संस्कृति के विशेष सन्दर्भ में विद्यालय में ज्ञान प्राप्ति के कौन-कौन से साधन हैं ?

समाज और संस्कृति के विशेष सन्दर्भ में विद्यालय में ज्ञान प्राप्ति के कौन-कौन से साधन हैं ? उत्तर— समाज के विशेष संदर्भ में विद्यालय में ज्ञान प्राप्ति के स्रोत–प्रसिद्ध विद्वान ओटावे ने कहा है कि “किसी भी समाज में दी जाने वाली शिक्षा समय-समय पर उसी प्रकार बदलती है, जिस प्रकार समाज बदलता है।” इससे … Read more

ज्ञान प्राप्त करने के आधारों का संक्षेप में समझाये।

ज्ञान प्राप्त करने के आधारों का संक्षेप में समझाये। उत्तर— ज्ञान प्राप्त करने के आधार–बालक जन्म के पश्चात् अनुभव करना आरम्भ कर देता है। यह बात अलग है कि वह अनुभवों की अभिव्यक्ति मुँह से कर पाता हो लेकिन फिर भी बहुत कुछ अनुभवों के बारे में वह रोकर, हँसकर बता देता है। ज्ञान प्राप्ति … Read more

समाज के निर्माण में शिक्षा की भूमिका को स्पष्ट कीजिए ।

समाज के निर्माण में शिक्षा की भूमिका को स्पष्ट कीजिए । उत्तर— समाज के निर्माण में शिक्षा की भूमिका–समाज के निर्माण में शिक्षा महत्त्वपूर्ण स्थान रखती है। विद्यालय समाज के द्वारा स्थापित किये जाते हैं। समाज विद्यालयों की स्थापना इसलिए करता है जिससे कि विद्यालय के लिए उपयोगी नागरिक तैयार कर सके, विद्यालय बालकों का … Read more

समाज के विद्यालय पर पड़ने वाले प्रभावों का उल्लेख कीजिए।

समाज के विद्यालय पर पड़ने वाले प्रभावों का उल्लेख कीजिए। उत्तर— समाज के विद्यालय पर पड़ने वाले प्रभाव–समाज विद्यालयों को उल्लेखनीय रूप से प्रभावित करता है। यह प्रभाव निम्नलिखित क्षेत्रों में स्पष्ट रूप से दिखायी देते हैं— (1) समाज के आदर्शों, मान्यताओं और आवश्यकताओं का प्रभाव–प्रत्येक समाज के अपने आदर्श, मान्यतायें, मूल्य एवं आवश्यकताएँ होती … Read more