CTET पेपर – I, कक्षा I-V 30 दिसम्बर, 2021

CTET पेपर – I, कक्षा I-V 30 दिसम्बर, 2021

भाग-I: बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र

1. एक बालिका कूदना सीखने से पहले चलना और उछलना सीखती है। यह विकास के किस सिद्धांत को दर्शाता है ?
(1) विकास के सभी आयाम पारस्परिक रूप से संबंधित है।
(2) विकास पूर्व अनुमानित प्रतिमानों का अनुसरण करता है।
(3) विकास की प्रकृति अनियम्रित है।
(4) परिपक्वता और अनुभव दोनों विकास को प्रभावित करते हैं ।
2. बालकों के वृद्धि और विकास में क्या शामिल है?
(1) मात्रात्मक परिवर्तन
(2) गुणात्मक परिवर्तन
(3) दोनों मात्रात्मक एवं गुणात्मक परिवर्तन
(4) शरीर के आकार और बनावट में केवल भौतिक परिवर्तन
3. निम्नलिखित में से कौन-सा कारक भौतिक एवं दुनिया की जटिल शक्तियों को संबोधित करता है, जो किसी बालिका के अनुभवों को उसके विकास के दौरान प्रभावित करते हैं?
(1) प्रकृति
(2) आनुवंशिकता
(3) लालन-पालन
(4) गुणसूत्रीय
4. निम्नलिखित में से कौन-सी बच्चों के समाजीकरण की प्राथमिक संस्थाएँ हैं?
(1) स्कूल एवं पास-पड़ोस
(2) परिवार और संचार माध्यम
(3) पास पड़ोस एवं शिक्षक
(4) परिवार एवं पास-पड़ोस
5. कमल स्वयं को तर्क देता है कि यदि तनु उसे एक क्रेयोन देगी तो वह उसे भी एक क्रेयोन देगा ताकि उपहारों के लेनदेन में समानता हो । कमल, लॉरेन्स कोहलबर्ग के नैतिक विकास के किस चरण पर है?
(1) यान्त्रिक – उद्देश्य अभिनवीकरण
(2) अच्छा लड़का, अच्छी लड़की उन्मुखीकरण
(3) सामाजिक व्यवस्था निर्वाहन उन्मुखी – करण
(4) सामाजिक-समझौता-उन्मुखीकरण
6. संज्ञानात्मक विकास के किस चरण में एक-दूसरे के साथ खेल संबंधी विचार साझा होते हैं, और इस समझ को कि प्रतीक वस्तुओं को स्पष्ट करते हैं, लेकिन संरक्षण कौशल की कमी हैं।
(1) संवेदी गामक अवस्था
(2) औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था
(3) पूर्व संक्रियात्मक अवस्था
(4) मूर्त संक्रियात्मक अवस्था
7. एक छ: वर्षीय बालिका सोचती है कि लम्बे गिलास में छोटे और चौड़े बर्तन से अधिक पानी आता है यद्यपि आँखों के सामने ही पानी एक बर्तन से दूसरे बर्तन में पलटा गया है। पियाजे के अनुसार बालिका की यह सोच किस योग्यता की कमी के कारण है?
(1) क्रमबद्धता की योग्यता
(2) सोपान क्रमिक वर्गीकरण योग्य
(3) केन्द्रीयता
(4) आनुपातिक तर्क की योग्यता
8. बच्चा : मैं पहेली के इस हिस्से को पूरा नहीं कर पा रहा हूँ।
अध्यापक : यहाँ कौन-सा टुकड़ा आना चाहिए, क्योंकि ये बिल्ली के पैर हैं।
बच्चा : पंजे?
अध्यापक : सही! कौन-सा टुकड़ा पंजे जैसा दिखता है ?
बच्चा : यह वाला।
उपर्युक्त बातचीत में सामाजिक अंतःक्रिया की किस विशेषता पर प्रकाश डाला जा रहा है?
(1) अवलोकनात्मक अधिगम
(2) विवरणात्मक अधिगम
(3) स्कैफोल्डिंग
(4) संज्ञानात्मक द्वन्द्व
9. लेव वायगोत्स्की का संज्ञानात्मक का सिद्धांत किससे संबंधित है?
(1) सामाजिक-सांस्कृतिक दृष्टिकोण
(2) मनोयौनिक दृष्टिको
(3) व्यवहारवादी दृष्टिकोण
(4) ऐतिहासिक दृष्टिकोण
10. पियाजे के सिद्धान्तों पर आधारित एक रचनावादी कक्षा में बच्चे किस तरह से सीखते हैं?
(1) बड़ों को अनुसरण करके सीखते हैं ।
(2) बड़ों द्वारा दी गई व्याख्याओं से – हैं।
(3) पुरस्कार हेतु सघन प्रयास से सीखते
(4) स्वतः स्फूर्त गतिविधियों से सीखते हैं।
11. हावर्ड गाडर्नर के बहुबुद्धि सिद्धान्त के अनुसार यदि किसी व्यक्ति में दूसरों के अभिप्राय, भावनाएँ और व्यवहार को समझने की योग्यता है तो उसमें निम्नलिखित में से बुद्धि कही जाएगी?
(1) व्यक्तिगत बुद्धिमता
(2) अनुभवजन्य बुद्धिमता
(3) सामाजिक बुद्धि
(4) अन्तर वैयाक्तिक
12. अध्यापकों को उदाहरण देते हुए महिलाओं को नर्स व अध्यापिका दिखाने में तथा पुरुषों को डॉक्टर या पायलेट दिखाने तक सीमित नहीं करना चाहिए। इससे क्या चिह्नित होता है?
(1) जैन्डर सशक्तिकरण
(2) जैन्डर रूढ़िबद्धता
(3) जैन्डर रूढ़िबद्ध-लचीलापन
(4) जैण्डर- स्थिरता
13. कथन (A) : बच्चों के भाषायी विकास के लिए प्राथमिक स्तर की कक्षाओं में मुद्रित सामग्री समृद्ध परिवेश आवश्यक है।
कारण (R) : भावनाओं की अधिगम में महत्वपूर्ण भूमिका है।
सही विकल्प चुनें।
(1) (A) और (R) दोनों सही और (R) सही व्याख्या करता है (A) की।
(2) (A) और (R) दोनों सही हैं लेकिन (R) सही व्याख्या नहीं है (A) की ।
(3) (A) सही है लेकिन (R) गलत है।
(4) (A) और (R) दोनों गलत हैं।
14. जब हरजोत को अपने प्रदत्त कार्य में ‘सितारा’ नहीं मिलता तो वह बहुत परेशान हो जाती है। अपने काम के संदर्भ में दी गई किसी भी आलोचनात्मक टिप्पणी के प्रति वह रक्षात्मक रुख अपनाती है। इस संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा उपागम सबसे अधिक प्रभावकारी होगा ?
(1) उसे रचनात्मक प्रतिपुष्टि देना और अपना काम दोहराने के लिए कहना।
(2) यह सुनिश्चित करना कि उसे उसके हर प्रदत्त कार्य में ‘सितारा’ मिले जिससे कि वह परेशान न हो।
(3) यह सुनिश्चित करना कि उसे उसके किसी भी प्रदत्त कार्य में कोई सितारा या पुरस्कार न मिले जिससे कि उसकी आदत न पड़े।
(4) उसको किसी भी तरह की प्रतिपुष्टि न देना।
15. निम्नलिखित में से कौन-सी पोर्टफोलियो की विशेषता नहीं है?
(1) पोर्टफोलियो समय विशेष के दौरान किए गए कार्यों का संकलन है और विकासात्मक परिवर्तनों पर प्रकाश डालते हैं।
(2) पोर्टफोलियो विद्यार्थी को अभिकल्प करने, संग्रह करने और मूल्यांकन में संलग्न करते हैं।
(3) पोर्टफोलियो विद्यार्थी को स्वयं की अधिगम प्रगति के आकलन में संलग्न करके स्वनियमन को समुन्नत करते हैं।
(4) पोर्टफोलियो में असम्बद्ध परीक्षण और क्विज होते हैं और अधिगम के परिणाम को सुनिश्चित करते हैं।
16. सामान्य कक्षा में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को शामिल करने का उद्देश्य प्राप्त करने के लिए अध्यापक को क्या करना चाहिए?
(i) विशेष बालक के सशक्त पक्ष, रूचियों और आवश्यकताओं की पहचान करना।
(ii) वैयक्तिक भिन्नताओं का निरादर करना और एक समानता सुनिश्चित करना ।
(iii) अधिगम को सहज बनाने के लिए आकलन युक्तियों का अनुकूलन करना।
(iv) प्रत्येक के लिए वैयक्तिक शिक्षा योजना बनाना।
(1) (ii), (iv)
(2) (i), (iii)
(3) (i), (iii), (iv)
(4) (i), (ii), (iii), (iv)
17. प्रकाश, ध्वनि, स्पर्श और अन्य सांवेगिक जानकारी के प्रति अति संवेदनशीलता, संचारण में शाब्दिक क्षीणता और अशाब्दिक होना, नित्यक्रमों पर अन्य व्यक्तियों को अति निर्भरता और दूसरों से नजर चुराना किन बच्चों के प्राथमिक लक्षण हैं?
(1) श्रवण अक्षमता
(2) बौद्धिक अक्षमता
(3) ‘स्वलीन’ स्पेक्ट्रम
(4) दृष्टि अक्षमता
18. निम्नलिखित में से कौन-सी रणनीति कक्षा में सुविधा वंचित समूहों से आने वाले बच्चों को शामिल करने के लिए प्रभावशाली नहीं रहेगी?
(1) कक्षा में होने वाली चर्चाओं में शामिल होने के अवसर देना।
(2) विद्यालय की सभी गतिविधियों में बच्चों की सहभागिता सुनिश्चित करना।
(3) बच्चों की उपस्थिति और ठहराव की नियमित मॉनीटरिंग।
(4) समूह संबद्धता के आधार पर पृथक-पृथक बैठने की व्यवस्था करना।
19. निम्नलिखित कां मिलान करें-
       दिव्यांगता
(A) डिस्फेजिया
(B) डिस्प्रेक्सिया
(C) डिस्कैलकुलिया
(D) डिस्ग्राफिया
       वर्णन
(i) संतुलन, सूक्ष्म गामक नियंत्रण और गति बोधक समन्वयन वाले रोजमर्रा के कामों `को करने में कठिनाई।
(ii) वह दिव्यांगता जो लिखने की योग्यता को प्रभावित करती है।
(iii) वह दिव्यांगता जो शिक्षार्थी की गणितीय गणनाओं को करने की दक्षता को प्रभावित करती है।
(iv) भाषायी विकार जो संप्रेषण कौशल और अवबोधन की योग्यताओं को प्रभावित करता है।
       A      B      C       D
(1) (iii)   (i)    (ii)   (iv)
(2) (iv)   (iii)  (ii)   (i)
(3) (i)     (iv)   (ii)  (iii)
(4) (iv)   (i)    (iii)  (ii)
20. अध्यापक किस तरह से रचनात्मक चिंतन को पोषित कर सकते हैं?
(1) शिक्षार्थियों पर सतत् रूप से निगरानी रखकर।
(2) प्रत्येक शिक्षार्थी से निपुणता से कम कुछ भी अपेक्षित न करना ।
(3) शिक्षार्थीयों को समस्याओं के समाधान · के लिए भिन्न-भिन्न तरीके अपनाने के अवसर देना।
(4) शिक्षार्थीयों के लिए बहुत ही कठिन गतिविधियों का चयन करके और उन्हें अनुसारण के लिए सख्त निर्देश देना।
21. बच्चे को किसी समस्या का समाधान ढूँढने में कि क्रम को अपनाना चाहिए ?
(1) समस्या की पहचान, परिकल्पना निर्माण, परिकल्पना का परीक्षण, आँकड़ों का संग्रहण
(2) आँकड़ों का संग्रहण, परिकल्पना निर्माण, परिकल्पना परीक्षण, आँकड़ों का विश्लेषण |
(3) समस्या को परिभाषित करना, समस्या का विश्लेषण करना, परिकल्पना निर्माण, परिकल्पना का परीक्षण |
(4) समस्या का विश्लेषण, आँकड़ों का संग्रहण, परिकल्पना निर्माण, परिणाम की व्याख्या करना ।
22. वह शिक्षिका जो यह मानती है कि अधिक अध्ययन करने से उसकी कक्षा का प्रत्येक छात्र अपना प्रदर्शन सुधारने में सक्षम है, बच्चों की सफलता का श्रेय किसको देती है?
(1) बच्चों की योग्यता को
(2) बच्चों के प्रयत्न को
(3) बच्चों की दुश्चिंता को
(4) आनुवंशिक रचना को
23. एक अध्यापक को बहुत अधिक अपेक्षाएँ किससे रखनी चाहिए?
(1) केवल प्रतिभाशाली विद्यार्थियों से।
(2) जैण्डर और वर्ग को ध्यान में न रखते हुए सभी विद्यार्थियों से।
(3) ‘विशेष श्रेणी’ से संबंध विद्यार्थियों को छोड़कर सभी विद्यार्थियों से।
(4) भिन्न-भिन्न विषयों में लड़कोंलड़कियों से अलग-अलग अपेक्षाएँ जैसे कि गणित में लड़कों से और भाषा में लड़कियों से |
24. किस दृष्टिकोण के अनुसार अधिगम एक सक्रिय एवं सामाजिक प्रक्रिया है?
(1) सामाजिक रचनावादी
(2) व्यवहारवादी
(3) सूचनात्मक प्रक्रियाकरण
(4) रचनावादी
25. पीटर कहता है, “मैं असफल हूँ क्योंकि मैं मूर्ख हूँ, और इसका मतलब है कि मैं हमेशा ही असफल होऊँगा।” यह क्या दर्शाता है ?
(1) अपसारी चिंतन
(2) स्व साक्षात्कार
(3) उपलब्धि अभिप्रेरणा
(4) सीखी गई निस्सहायता
26. राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुसार …… का प्रयोग ……. को प्रोत्साहित करने के लिए करना चाहिए?
(1) कंठस्थीकरण; प्रत्यास्मरण
(2) कंठस्थीकरण; समालोचनात्मक चिंतन
(3) अनुभव जनित अधिगम; समालोचनात्मक चिन्तन
(4) अनुभव जनित अधिगम; प्रत्यास्मरण
27. विद्यार्थियों के अधिगम में उन्नति होने की संभावना कब है? 
(1) अधिगमकर्ताओं के व्यक्तिगत और सांस्कृतिक अंतरों को ध्यान में न रखते हुए प्रत्येक को एक समान अध्ययन सामग्री दी जाए।
(2) अध्ययन सामग्री को संकलनात्मक ढाँचे में सुव्यवस्थित किया जाए।
(3) अध्ययन सामग्री को जानकारी के छोटे असंबंधित अंशों में विभाजित किया जाए।
(4) अध्ययन सामग्री में परिभाषाओं की सूची हो जिसमें कोई भी उदाहरण नहीं हों।
28. निम्नलिखित में से कौन-से अध्यापक अकादमिक अधिगम समय को बढ़ाने में ‘प्रभावशाली होंगे?
(1) वह अध्यापक जो कक्षा में अनुशासन बनाए रखने पर केन्द्रित है। जब भी वह देखती है कि उसके विद्यार्थी दिए गए के अनुसार कार्य नहीं कर रहें हैं, वह उन्हें फटकारती है।
(2) वह अध्यापक जो अपने विद्यार्थियों को बताती है कि उन्हें कोई गतिविधि कब तक पूरी कर लेनी है और दूसरी क्रिया में समय संगीत की धुन बजा देती है।
(3) वह अध्यापक जो नियमित रूप से कोई एक गतिविधि करती / करता है, दूसरे की सुविधा के लिए उस गतिविधि को रोक देती / देता है और फिर पुन: पहली गतिविधि करवाती / करवाता है।
(4) वह अध्यापक जो अपने विद्यार्थियों से अपेक्षा करता है कि वे एकदम सीधे बैठे और अपना पूरा ध्यान श्यामपट्ट से नकल उतारने पर रखें।
29. जब कोई विद्यार्थी परीक्षा में असफल होता है / होती है तो इसका क्या अर्थ है ?
(1) बालक ने उत्तर अच्छी तरह से याद नहीं किया है।
(2) अभिभावक असफल हो गए, उन्हें बालक की अतिरिक्त कक्षा / ट्यूशन का प्रावधान करना चाहिए था।
(3) बालक विद्यालय में पढ़ने के योग्य नहीं है।
(4) यह व्यवस्था की असफलता है।
30. अभिकथन (A) : विद्यार्थियों को अर्थ ग्रहण करने में अपनी स्वाभाविक रुचियों को पोषित करने लिए अवसर मिलने चाहिए जैसे कि तरह-तरह की स्तुओं का उपयोग करना, प्रयोग एवं परीक्षण करना, ब्रेनस्टॉर्मिंग और परिचर्चाएँ करना ।
कारण (R) : अधिगम की प्रकृति क्रियाशील और सामाजिक है।
सही विकल्प चुनें।
(1) (A) और (R) दोनों सही हैं और (R) सही व्याख्या करता है (A) की।
(2) (A) और (R) दोनों सही हैं लेकिन (R) सही व्याख्या नहीं है (A) की।
(3) (A) सही है, लेकिन (R) गलत है।
(4) (A) सही (R) दोनों गलत हैं।

भाग-II : गणित

31. यदि आलू, टमाटर और प्याज का मूल्य (रुपयों में) क्रमश: 20 रुपए प्रति किग्रा, 20 रुपए प्रति 500 ग्राम, और 12.25 रुपए प्रति 250 ग्राम है, तो 2 किलोग्राम आलू, 500 ग्राम टमाटर और 0.75 किलोग्राम प्याज खरीदने के लिए आवश्यक राशि में 25 पैसे के कितने सिक्के होंगे ?
(1) 387
(2) 384
(3) 428
(4) 432
32. यदि n एक प्राकृत संख्या है, तो इनमें से सबसे छोटी संख्या कौन-सी होगी?
(1) n ÷ 2
(2) n × 0.7
(3 ) n ÷ 1.2
(4) n × 1.2
33.257 संख्या के द्विआधारी प्रस्तुतीकरण में कितने अंक होंगे?
(1) 8
(2) 9
(3) 7
(4) 10
34. यदि n एक प्राकृत संख्या है, तो इनमें से सबसे अधिक मान किसका होगा?
(1) 5+n
(2) 5n
(3) n+5/5
(4) 5n-n
35. एक कागज पर कुछ लाल और काले बिन्दु बनाए गए हैं। लाल बिन्दु काले बिन्दु बड़े हैं। जया और रानी उस काग़ज पर चूड़ियाँ फेंक रहे हैं। चूड़ी के अंदर एक लाल बिन्दु आने पर 10 अंक और काला बिन्दु आने पर 1 अंक मिलता है। जिसके पास ज्यादा अंक आयेंगे वह विजेता होगा। जया की चूड़ी में 3 लाल और 4 काले बिन्दु और रानी की चूड़ी में 2 लाल और 12 काले बिन्दु आए । विजेता को पहचानिए, और कारण बताइए।
(1) जया, क्योंकि उसे रानी से ज्यादा अंक मिले।
(2) रानी, क्योंकि उसे जया से ज्यादा अंक मिले।
(3) खेल ड्रॉ हो गया, क्योंकि दोनों ने समान अंक जीते।
(4) विजेता घोषित करने के लिए पर्याप्त जानकारी उपलब्ध नहीं है।
36. 36, 54 और 60 के लघुत्तम समापवर्तक और उच्चतम उभयनिष्ठ गुणनखंड के बीच का अंतर है :
(1) 534
(2) 536
(3) 540
(4) 600
37. मिसबा ने एक वर्गाकार कागज के टुकड़े को 10 क्षैतिज रेखाएँ बनाकर 10 बराबर भागों में बाँट दिया है। इसमें से उसने 6 आयताकार पट्टियों को लाल रंग से भर दिया। उसके बाद कागज को खड़ी रेखाएँ बनाकर 10 बराबर भागों में बाँटा गया। इनमें से कौन-सी भिन्न रंगे हुए भाग को नहीं दर्शाती है?
38. अर्पणा के पास एक कागज है जिस पर निम्न प्रकार से अंक लिखे हैं
वह एक वास्तविक पासा फेंकती है और कागज पर उन संख्याओं में रंग भरती है जो पासे पर आयी संख्या गुणज है। यदि वह संख्या 1, 2, 5 और 7 को नहीं रंगती तो पासे पर आये अंक को पहचानिए:
(1) 7
(2) 5
(3) 3
(4) 2
39. अरीबा और अयान ने जमीन पर एक वृत्त बनाने के लिए कीलों और धागे का इस्तेमाल करने का फैसला किया। अरीबा ने 5 मीटर लम्बी एक पतली रस्सी ‘ और रस्सी के दोनों सिरों पर कीलों को बाँध दिया। अरीबा ने वृत्त का एक छोर जमीन में गाढ़ा और उसे पकड़े रही और दूसरा छोर अयान को वृत्त बनाने के लिए दिया। आयान ने भी 3 मीटर लम्बी एक पतली रस्सी ली और अरीबा की तरह ही एक वृत्त बनाया। इन दोनों वृत्तों के क्षेत्रफलों का अनुपात क्या होगा ?
(1) 5:3
(2) 25:9
(3) 10:19
(4) 6.25 : 2.25
40. 17 विद्यार्थियों की एक पंक्ति में जब राकेश को तीन स्थान बाईं ओर स्थानांतरित किया गया, तो उसका स्थान बाईं ओर से 7 वाँ हो गया। पंक्ति के दाएँ छोर से उसकी पहले की स्थिति क्या थी?
(1) 7वीं
(2) 8वीं
(3) 9वीं
(4) 10वीं
41. 4 वर्ग इकाई के कागज के एक को 1 वर्ग इकाई का टुकड़ा काटकर किया जाता है। दिए गए संदर्भ में इनमें से कौन-सा कथन सही है?
(1) बचे हुए कागज का परिमाप वास्तविक कागज के परिमाप से अधिक है।
(2) बचे हुए कागज का क्षेत्रफल वास्तविक कागज के क्षेत्रफल से अधिक है।
(3) परिमाप में कोई बदलाव नहीं है ।
(4) क्षेत्रफल में कोई बदलाव नहीं है ।
42. खेल दिवस के मौके पर नींबू पानी बनाया गया और उसे 15 लीटर की बाल्टी में भरकर रखा गया। खिलाड़ियों को नींबू पानी बाँटने के लिए दो तरह के गिलासों का प्रयोग किया गया। एक गिलास की क्षमता 100 मिलीलीटर और दूसरे गिलास की क्षमता 150 मिलीलीटर है। यदि नींबू पानी को पूरा बाँट दिया जाता है, तो निम्नलिखित में से कौन-से गिलासों की संख्या का जोड़ा आने की संभावना नहीं है?
(1) (60, 60)
(2) (15,90)
(3) (90, 40)
(4) (50, 70)
43. सिजु की बस सुबह 6:40 am बजे चलती है। उसके घर से बस स्टॉप तक पहुँचने में 10 मिनट लगते हैं। यात्रा करने के दिन से पहले उसे 7 घंटे की नींद चाहिए। उठने के बाद, उसे तैयार होने में आधा घंटा लगता है। यदि वह बस स्टॉप . समय से पहुँचना चाहता है, तो उसे पिछले दिन कितने बजे सोने के लिए जाना चाहिए?
(1) 11:00pm
(2) 12:00 मध्यरात्रि.
(3) 11:30pm
(4) 11:40 pm
44. निम्नलिखित पैटर्न को पढ़िए
9 × 9 + 7 = 88
98 × 9 + 6 = 888
987 × 9 + 5 = 8888
98765 × 9 + 3 का मान क्या होगा?
(1) 888888
(2) 88888
(3) 8888888
(4) 888898
45. नीचे दी गई तालिका में एक स्कूल के विद्यार्थियों द्वारा प्रयोग किए जाने वाले वाहन दिए गए है।
यदि बचे हुए 13 विद्यार्थी किसी अन्य वाहन का प्रयोग करते हैं, तो कितने बच्चे स्कूल आने के लिए स्कूल बस का प्रयोग करते हैं?
(1) 156
(2) 280
(3) 260
(4) 780
46. स्थानीय मान की संकल्पना के शिक्षण के लिए अध्यापक कक्षा में भिन्न-भिन्न प्रकार की सामग्री लाता है जैसे गिनतारा, डीन्स ब्लॉक, 1 रुपए, 10 रुपए, 100 रुपए के नकली मुद्रा नोट। उपरोक्त स्थिति में अध्यापक डीन्स सिद्धांत के कौन-से नियम का आश्रय ले रहा है?
(1) गतिक नियम
(2) गणितीय परिवर्तनशीलता नियम
(3) बोधात्मक परिवर्तनशीलता नियम
(4) रचनात्मक नियम
47. त्रुटियाँ, गणित में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। यहं वाक्य…….. :
(1) गलत है, क्योंकि त्रुटियाँ गणित प्रति लापरवाही वाली अभिवृत्ति दर्शाती हैं।
(2) सही है, क्योंकि शिक्षक को यह समझने में मदद मिलती है कि बच्चे ने गणितीय अवधारणाओं का निर्माण कैसे किया है।
(3) गलत है, क्योंकि गणित त्रुटिरहित विषय है।
(4) सही है, क्योंकि त्रुटियाँ कम बुद्धिलब्धि (IQ) को दर्शाती हैं।
48. छात्रों को जब दो भिन्नों को योग करने के लिए कहा जाता है, तब बहुधा इस साधारण त्रुटि का सामना होता है: वे अंश को अंश में जोड़ देते हैं और हर को हर में। इस भ्राँति का क्या संभावित कारण हो सकता है?
(1) अध्यापक की संकल्पनात्मक समझ में कमी
(2) कक्षा में छात्रों के ध्यान में कमी
(3) योग में सीखे गए तथ्यों का सामान्यीकरण भिन्नों पर लागू करना
(4) शिक्षण अधिगम सामग्री का सुलभता से नहीं प्राप्त होना।
49. छात्रों की ‘आँकड़ों के संग्रहण’ की समझ के आकलन के लिए सर्वाधिक उपयुक्त रचनात्मक कार्य है
(1) कक्षा में विचार-विमर्श
(2) वर्ग पहेली
(3) सर्वेक्षण पर आधारित परियोजना
(4) भूमिका- अभिनय
50. प्राथमिक स्तर पर छात्रों को गणितीय क्रियाकलापों में व्यस्त रखना बहुत तरीकों से सहायक हो सकता है, जैसे कि-
(a) छात्रों को कई अमूर्त अवधारणाओं  का अन्वेषण करने और परिकलन रणनीतियों को सीखने के अवसर प्रदान करता है।
(b) समय-सारणी में दिए गए खाली कालांशों का उपयोग करने में सहयता करता है।
(c) छात्रों को उनकी गणितीय समझ एवं विवेचन को और गहन करने में सहायता करता है।
(d) संकलित आकलन के उपकरण का कार्य करता है।
सही विकल्प का चुनाव कीजिए ।
(1) (a) और (d)
(2) (b) और (c)
(3) (b) और (d)
(4) (a) और (c)
51. ज्यामिति को गणित का एक महत्वपूर्ण क्षेत्र माना गया है और प्राथमिक गणित का यह एक अभिन्न भाग होना चाहिए। ऐसा इसलिए है, क्योंकि
(1) सभी छात्र ज्यामिति में अच्छे अंक प्राप्त करते हैं, क्योंकि यह समझने में सरल है।
(2) ज्यामिति गतिविधि – उन्मुख है और खेलने का समय देती है।
(3) कई प्रसिद्ध गणितज्ञों ने ज्यामिति के विकास में सहयोग दिया है।
(4) ज्यामिति के अनुभव, “दैनिक जीवन में अधिगम और गणितीय विचारों एवं अवधारणाओं के अधिगम और दृश्यीकरण में सहायता करते हैं।
52. सुश्री श्रेया, एक प्राथमिक कक्षा की गणित अध्यापिका अपने शिक्षार्थियों को दो- अंकों वाली संख्याओं का योग पढ़ाने के लिए विविध विधियों का उपयोग करती हैं, जैसे कि-
(i) 23 + 46 = 69
(ii) 20 + 3 + 40 + 6 = 60 + 9 = 69
(iii) (23 + 46)
= (20 + 3) + (40 + 6)
= (20 + 40) + (3 + 6)
= 60 + 9 = 69
उसकी शैक्षिक विधि के लिए निम्न में से कौन-सा कथन अत्यंत उपयुक्त है?
(1) वह केवल गणितीय संचारण पर बल दे रही हैं।
(2) वह अपने छात्रों को गणित में प्रश्नों को हल करने में लिए विविध उपागमों को प्रस्तुत कर रही हैं।
(3) वह बहु-विधियों का उपयोग करके छात्रों को भ्रमित कर रही हैं।
(4) एक प्रश्न को हल करने के लिए वह अधिक समय व्यर्थ कर रही हैं।
53. कंचों के खेल में, रेनू चार (4) कंचे हार जाती है। उसके पास सात (7) कंचे बचे हैं। उसने कितने कंचों के साथ खेल शुरू किया था?
उपरोक्त प्रश्न उदाहरण है:
(1) योग पर संदर्भात्मक प्रश्न का
(2) खुले सिरे वाले प्रश्न का
(3) बहुविकल्पीय प्रश्न का
(4) व्यवकलन पर संदर्भात्मक प्रश्न का
54. हम षौष्टिक पद्धति का उपयोग कहाँ पर करते हैं?
(1) आँकड़ों के प्रमाणीकरण/परिमाणन के लिए
(2) कोणों को मापने के लिए
(3) दूरी को फुट और गज में मापने के लिए
(4) हिंदी – अरबी सँख्यांकों को लिखने के लिए
55. कक्षा I और II में राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा 2005 की दृष्टि से गणित के शिक्षण और अधिगम के लिए निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?
(1) कलनविधि और रटांत अधिगम पर जोर देना।
(2) कक्षा I और II में केवल मौखिक प्रश्नों को करवाना चाहिए।
(3) गणित को अन्य विषयों, जैसे भाषा, कला, और पर्यावरण अध्ययन आदि के साथ समाकलित किया जाना चाहिए।
(4) कक्षा I और II में गणित को नहीं पढ़ाया जाना चाहिए।
56. रचनावादी कक्षा में दशमलवों के गुणन का परिचय देने के लिए निम्न में अत्याधिक उपयुक्त कौन-सा है?
(1) दशमलव को प्रदर्शित करने के लिए ग्राफ (ग्रिड) का उपयोग करना और उसके बाद दशमलव के गुणन का परिचय देना।
(2) दशमलव को भिन्न में परिवर्तित करना और फिर गुणन करना।
(3) दशमलव को पूर्ण संख्याओं में परिवर्तित करना और फिर गुणन करना।
(4) औपचारिक कलन-विधि का उपयोग करके प्रश्न को हल करना और उसके बाद अभ्यास के लिए कार्य पत्रिका देना।
57. ‘प्रतिशतता’ की अवधारणा पढ़ाते हुए कक्षा में विषय ‘त्यौहारों के मौसम में बिक्री और छूट’, पर विचार-विमर्श प्रारंभ किया गया। कक्षा में इस प्रकार की चर्चा: 
(1) छात्रों के वाद-विवाद कौशल को बढ़ाने में सहायक होती है।
(2) छात्रों को एक-दूसरे के विचार सुनने में सहायक होती है और उन्हें अपने तर्क प्रस्तुत करने को प्रोत्साहित करती है जिससे उनकी वाचन कला में बढ़ोतरी होती है।
(3) इससे बचना चाहिए, क्योंकि इससे कक्षा में शोर के स्तर में वृद्धि होती है और दूसरों की शांति भंग होती है।
(4) छात्रों को कक्षागत गणित और बाहरी दुनिया के गणित में संबंध बनाने में मदद मिलती है, जिससे उनकी संकल्पनात्मक समझ में बढ़ोतरी होती है।
58. बच्चों के गणितीय चिंतन के आकलन के लिए निम्न प्रश्नों में से कौन-सा अत्यन्त उपयुक्त है?
(1) 4.25 × 0.5 को हल करो ।
(2) यदि एक फल की कीमत 4.25 रुपए प्रति किलोग्राम है, तो आप 0.5 किग्रा के लिए कितना खर्च करेंगे।
(3) यदि 4.25 को 0 से 1 के बीच की किसी संख्या से गुणा किया जाए, तो गुणनफल 4.25 के कम या अधिक होगा? स्पष्ट कीजिए।
(4) 4.25 को 0.5 से गुणा करने की मानक कलन विधि की व्याख्या कीजिए ।
59. इनमें से कौन-सी गतिविधि, एक शिक्षिका, कक्षा II के बच्चों को एक अंकीय संख्याओं के व्यवकलन पढ़ाने के लिए उपयोग कर सकती है।
(1) 6 बिन्दु बनाना और उनमें में 2 बिन्दुओं पर गोला बना देना, फिर बच्चों से बचे हुए बिन्दुओं को गिनने के लिए कहना। यही गतिविधि समान प्रकार के उदाहरणों से दोहराना ।
(2) श्यामपट्ट पर 6 – 2 = 4 लिखना और बच्चों उसे 10 बार अपनी कॉपी में लिखने के लिए कहना।
(3) शिक्षिका बच्चों को श्यामपट्ट पर लिखे सभी सवालों को जोर से पढ़ने के लिए कहती है।
(4) शिक्षिका बच्चों का बहुत सारी संख्यात्मक समस्याएँ; जैसे 17 – 8, 14 – 12 आदि अभ्यास करने के लिए देती है।
60. रेहाना गणित की एक अच्छी अध्यापिका बनना चाहती है। गणित की अच्छी अध्यापिका बनने के लिए उसमें ……. होना / होनी चाहिए।
(1) छात्रों को गणित ओलंपियाड के लिए तैयार करने का कौशल
(2) संकल्पनात्मकता समझ और गणितीय ज्ञान को वास्तविक जीवन से संबंधित करने की क्षमता
(3) सिद्धांतों और सूत्रों को स्मरण करने की क्षमता
(4) मानसिक गणित की समस्याओं को हल करने की क्षमता

भाग-III: पर्यावरण अध्ययन

61. ई. वी. एस. की एक अध्यापिका की कक्षा में आबू धाबी का एक छात्र है। अध्यापिका की ऑनलाइन कक्षा लेने का नियत समय 10:00 am (आई.एस.टी) आबू धाबी वाले विद्यार्थी का उसकी ऑनलाइन कक्षा में अपने घर से उपस्थित होने के लिए क्या समय होगा?
(1) 11:00 AM
(2) 07:30 AM
(3) 12:00 PM
(4) 05:00 AM
62. भारत में भोजन बनाने के लिए निम्नलिखित में से किस प्रकार के तेल का उपयोग सबसे कम होता है ?
(1) ग़ाम का तेल
(2) सरसों का तेल
(3) नारियल का तेल
(4) मूँगफली का
63. मुख्य अध्यापिका ने ई. वी. एस. की एक शिक्षिका से अपने ऑफिस के अंदर रखने के लिए पौधे चुनने के लिए कहा। वह निम्नलिखित में के कौन-सा समूह चुनेगी?
(1) एलोवेरा, पिटूनिया, मनीप्लांट
(2) एलोवेरा, मनीप्लांट, क्रोटन
(3) मनीप्लांट, पिटूनिया, पुदीना
(4) एलोवेरा, पुदीना, जिरेनियम
64. गाँवों में यह देखना साधारण है कि महिलाएँ अनाज में से भूसी कैसे निकालती हैं। इस विधि को कहा जाता है:
(1) छानना
(2) हाथ से चुनना
(3) निष्पादन (फटकना)
(4) थ्रेशिंग (गाहना)
65. जीवों में संबंध, जबकि एक जीव को साहचर्य से लाभ होता है और दूसरे को हानि होती है, कहा जाता है:
(1) सहजीविता
(2) सहोपकारिता
(3) प्रतियोगिता
(4) परजीविता
66. विशेषक्षेत्री प्रजातियाँ हैं-
(1) दुर्लभ प्रजातियाँ
(2) लुप्तप्रायः प्रजातियाँ
(3) आयातित प्रजातियाँ
(4) एक क्षेत्र में पाई जाने वाली प्रजातियाँ
67. निम्नलिखित में से कौन-सा/से वनोन्मूलन के परिणाम हैं?
(a) वायुमंडलीय तापमान में वृद्धि
(b) वायुमंडल में CO2 के स्तर में वृद्धि
(c) भौम जल स्तर में वृद्धि
(d) बाढ़ और सूखे जैसी प्राकृतिक आपदाओं के होने की संभावना में वृद्धि
(1) (a), (b) और (c )
(2) (b) और (c )
(3) (a), (b) और (d)
(4) (a), (b), (c) और (d)
68. ठंडे और गर्म रेगिस्तान को समझने के लिए निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही है?
(a) गर्म रेगिस्तान में अधिक तापमान होता हैं, जबकि ठंडे रेगिस्तान में कम तापमान होता है।
(b) गर्म रेगिस्तान पर सूर्य और रेत की अधिकता होती है। ठंडे रेगिस्तान में भूमि बर्फ और हिम से आच्छादित होती है।
(c) गर्म रेगिस्तान लाल या नारंगी होते हैं। जबकि ठंडे रेगिस्तान स्लेटी होते हैं।
(d) गर्म और ठंडे रेगिस्तान में ऋतु के उतार-चढ़ाव के महत्वपूर्ण प्रभाव की अनुभूति की जा सकती है।
(1) (a) और (b)
(2) (a), (b) और (c)
(3) (a) और (c)
(4) (a), (b), (c) और (d)
69. वन्य जीवन के संरक्षण के लिए राष्ट्रीय उपवन (पार्क) महत्वपूर्ण है। भारत में कौन-सा राष्ट्रीय उपवन सबसे पुराना है ?
(1) काजीरंगा राष्ट्रीय उपवन
(2) जिम कार्बेट राष्ट्रीय उपवन
(3) कान्हा राष्ट्रीय उपवन
(4) बांधवगढ़ राष्ट्रीय उपवन
70. नीचे दिए गए पदों से बीच के अंकुरण के सही क्रम को पहचानिए:
(a) पत्तियाँ आने के बाद अल्पवयस्क पौधा अपना भोजन स्वयं बना सकता है।
(b) बीज, एक छेद से पानी को सोखता है। यह बीजावरण को नरम कर देता है और यह फूट जाता है।
(c) बीच से अंकुरण होता है और वह ऊपर की तरफ बढ़ता है।
(d) इस स्थिति में बेबी पौधा बीज में उपस्थित भोजन से जीवित रहता है।
(e) बीज से एक छोटी जड़ निकलती है जो कि नीचे की ओर बढ़ती है।
(1) (a), (b), (c), (d), (e)
(2) (a), (c), (b), (e), (d)
(3) (b), (e), (d), (c), (a)
(4) (e), (b), (c), (d), (a)
71. बाजरे के बीज की खेत से प्लेट तक की सही यात्रा को चुनिएः
(1) फसल काटना, थ्रेशिंग, गूँथना, फटकना, पीसना, सेकना, बेलना
(2) फसल काटना, फटकना, पीसना, थ्रेशिंग, गूँथना, बेलना, सेकना
(3) फसल काटना, थ्रेशिंग, फटकना, पीसना, गूँथना, बोलना; सेकना
(4) फसल काटना, थ्रेशिंग, पीसना, सेकना, गूँथना, बेलना फटकना
72. लाल आँकड़ों की पुस्तक दर्ज करती है –
(1) लाल फूलों वाले पौधे
(2) धरती पर उपलब्ध सभी पौधे और जानवर
(3) धरती पर उपलब्ध सभी जानवर
(4) लुप्त – प्रायः पौधे और जानवर
73. ‘नेहरू इंस्टीयूट ऑफ माउंटेनियरिंग’ स्थित है:
(1) उत्तरकाशी में
(2) दार्जिलिंग में
(3) धर्मशाला में
(4) ऊटी में
74. पहचानिए कि निम्नलिखित राज्यों में से किसकी एक दिशा में समुद्र है?
(1) गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, आँध्रप्रदेश, पश्चिम बंगाल और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह
(2) गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, आँध्रप्रदेश, पश्चिम बंगाल और ओडिशा
(3) गुजरात, मध्य प्रदेश, गोवा, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, आँध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल और ओडिशा
(4) गुजरात, मध्य प्रदेश, गोवा, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, आँध्रप्रदेश, पश्चिम बंगाल और झारखंड
75. फसल कटने का पूर्व खुशी और उल्लास का प्रमुख अवसर होता है। सही कथन को पहचानिए
(a) उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश में तिल संक्रांति को मनाया जाता है।
(b) झारखंड में पोंगल और तमिलनाडु में नबान्न को मनाया जाता है।
(c) गुजरात लोहड़ी को मनाता है और केरल ओणम् को मनाता है।
(d) महाराष्ट्र में गुड़ी पड़वा, असम में बिहु और पश्चिम बंगाल में नबान्न मनाया जाता है।
(1) (a) और (b) सही है।
(2) (a) और (d) सही है।
(3) (a) और (c) सही है।
(4) (b) और (d) सही है।
76. लोकेश भूमि भरण और उसके प्रभाव के विषय पर बात कर रहे थे। उन्होंने छात्रों को समीपवर्ती भूमि भरण क्षेत्र पर जाने के लिए कहा तथा उसके विवरण / केस कस्टडी तैयार करने के लिए कहा। यह क्रियाकलाप महत्वपूर्ण है, क्योंकि
(a) यह विद्यार्थियों को कारण प्रभाव संबंध खोजने में सहायक है।
(b) यह विद्यार्थियों के एक क्षेत्र के भू-भरण क्षेत्र कोक जानने में सहायक है।
(c) यह छात्रों के कक्षा से बाहर जाने व आनंद देने में सहायक है।
(d) यह छात्रों को समस्या के विश्लेषण तथा उसके हल के विषय में सोचने में सहायक है।
(1) (a) और (b) केवल
(2) (a), (b) और (c)
(3) (c) और (d) केवल
(4) (b), (c) और (d)
77. विद्यार्थियों को पर्यावरण समस्याओं तथा उनके समाधान संबंधित मॉडल बनाने और राष्ट्रीय प्रदर्शिनी में भाग लेने के लिए कहा जाता है। यह विद्यार्थियों को संलग्न रखने का अच्छा तरीका है, क्योंकि
(1) विद्यार्थी मॉडल बनाने में व्यस्त और और संलग्न रहेंगे।
(2) मॉडल बनाने में कीमती सामान खरीदने में आनन्द मिलता है।
(3) मॉडल बनाने से विद्यार्थियों में सृजनशीलता और समालोचनात्मक सोच का विकास होता है।
(4) मॉडल निर्माण से कक्षा की नीरसता भंग होती है।
78. पर्यावरण अध्ययन की शिक्षिका निम्नलिखित में से क्रियाकलाप का अपने विद्यार्थियों में प्रक्रिया कौशल विकसित करने के लिए उपयोग कर सकती है?
(1) नृत्य करना
(2) बागवानी करना
(3) वाचन करना
(4) गायन करना
79. बगीचे में दो बर्तनों में बीन के बीज बोये गए। अध्यापक ने राधा को एक बर्तन को छाया में और दूसरा सूर्य के प्रकाश में रखने के लिए कहा। राधा को प्रतिदिन के अवलोकन का रिकॉर्ड रखने को कहा। इससे राधा को सहायता मिलेगी-
(1) आत्मविश्वास बढ़ाने में
(2) अवलोकन कौशल विकसित करने में
(3) संप्रत्ययों की प्रस्तुति में
(4) समयबद्धता और अनुशासन में
80. एक पर्यावरण अध्यापक अपने विद्यार्थियों को एक पर्यावरण संरक्षक कैसे बना सकता है? सर्वश्रेष्ठ संभावना चुनिए
(1) उन्हें वस्तुओं के पुनः उपयोग, पुनः चक्रण में लाने को कहना।
(2) उन्हें नए संसाधन विकसित करने को कहना।
(3) उन्हें अपने इलाके के एक पौधे/पेड़ का देखभालकर्ता बनाकर।
(4) उन्हें प्रकृति को हानि न पहुँचाने के लिए कहकर ।
81. निम्नलिखित में कौन-सा/से उद्देश्य खोज आधारित शिक्षण से प्राप्त होता है ?
(a) विद्यार्थियों की जिज्ञासा में वृद्धि होती है
(b) विद्यार्थियों की सीखने में व्यवस्था
(c) छात्रों में परस्पर सामाजिक अंतःक्रिया
(d) निम्न स्तरीय संज्ञानात्मक प्रक्रिया का विकास
(1) केवल (c) और (d)
(2) केवल (a) और (b)
(3) केवल (a), (b) और (d)
(4) केवल (a), (b) और (c)
82. छात्रों में शिक्षण योग्यता सुधारने के लिए अनुभव-जन्य शिक्षण महत्वपूर्ण है। इनमें से कौन-सी उपलब्धि अनुभव-जन्य शिक्षण से प्राप्त की जा सकती है –
a. ज्ञानेन्द्रिय अनुभव
b. ठोस अनुभव
c. ज्ञान वृद्धि व ग्रेड / अंकों में वृद्धि
d. कौशल प्रक्रिया में सुधार
(1) (a), (b) और (d)
(2) (b) और (c )
(3) केवल (d)
(4) (c) और (d)
83. सचिन सामाजिक आर्थिक अभावग्रस्त पृष्ठभूमि में संबंध रखता है। उसकी कक्षा अध्यापिका श्रीमती खुराना को उसकी सहायता करनी चाहिए और कक्षा में ऐसा वातावरण और स्थिति बनानी चाहिए जिससे-
(1) उसके सांस्कृतिक और सामाजिक परिवेश को सम्मान से देखा जाए।
(2) उसके क्षेत्रीय भाषा/बोली को हतोत्साहित करें और अंग्रेजी जोर दिया जाए।
(3) उसे एक अलग समूह के रूप में चिह्नित करें।
(4) उसे वे शिष्टाचार और आदतें सिखाएँ जिन्हें वह सोचती है कि उसके पास कमी है।
84. निम्नलिखित में से कौन एक पर्यावरण अध्ययन के अध्यापक के लिए ई. वी. एस. कक्षा को प्रभावशाली बनने में सहायक होगा –
a. विद्यालय का बगीचा
b. सम्प्रेषण तकनीकी
c. सूचना व सम्प्रेषण तकनीकी
d. विद्युत उपकरण व टेलीविजन
(1) केवल (a) और (c)
(2) (b), (c) औनर (d)
(3) केवल (b) और (c)
(4) केवल (a)
85. श्रीमती मेहरा अपने छात्रों के परस्पर संबंधों/सामाजिक विशेषताओं/गुणों का विकास करना चाहती हैं वे अपनी पर्यावरण अध्ययन की कक्षा में किस आकलन के साधन का उपयोग करें?
a. लिखित प्रश्न – उत्तर
b. चर्चा द्वारा
c. सामूहिक क्रियाकलाप
d. मौखिक प्रश्न उत्तर
(1) केवल (b) और (c)
(2) (a), (b) और (c )
(3) (b), (c) और (d)
(4) केवल (c) और (d)
86. पर्यावरण अध्ययन के अध्यापक श्री मेहरा जी अपनी कक्षा में हमेशा भारत का मानचित्र लेकर जाते हैं, क्योंकि
(1) मानचित्र अच्छी प्रकार से बने होते हैं, उन्हें विद्यार्थी पसन्द करते हैं।
(2) विद्यार्थी मानचित्र देखकर आनंदित होते हैं।
(3) मानचित्र छात्रों को स्थान और दिशाओं की स्थिति को समझाने में सहायक होते हैं।
(4) छात्र कक्षा में शान्त और सावधान बैठे रहते हैं।
87. अर्जुन अक्सर, पर्यावरण अध्ययन की कक्षा में विद्यार्थियों से खेल के मैदान से लौटते हुए क्या देखा, उसके विषय में रोचक प्रश्न पूछते हैं। इस प्रकार वे विद्यार्थियों के किस कौशल का आकलन करते हैं
(1) श्रवण कौशल
(2) चिन्तन कौशल
(3) अवलोकन कौशल
(4) संवेगात्मक कौशल
88. प्राथमिक स्तर के लिए कौन-सी विधि पर्यावरण अध्ययन शिक्षण के लिए अच्छी नहीं है?
(1) विद्यार्थियों को अवलोकन के लिए कहना
(2) कक्षा-कक्षीय व्याख्यान में प्रत्यय तथ्य देना
(3) क्षेत्र भ्रमण
(4) लघु-चलचित्र देखना
89. श्रीमती मनीषा पर्यावरण अध्ययन के शिक्षण के लिए अच्छा वातावरण बनाना चाहती हैं। वे योजना बनाती हैं-
(1) सप्ताहांत में अतिरिक्त कक्षा लेना
(2) विद्यार्थियों को लिखित सामग्री देना
(3) उनके द्वारा दी गई सामग्री को याद करना
(4) आस-पास के क्षेत्र के सर्वे का आयोजन करना
90. पर्यावरण अध्ययन शिक्षण …….. उपागम का अनुसरण करता है-
(1) सामाजिक रचनावादी
(2) साहचर्यवादी
(3) व्यवहारवादी
(4) अवलोकन जन्य अधिगम

भाग-IV: LANGUAGE-I (ENGLISH)

91. Read the following statements :
(a) Some people read books very fast.
(b) However, they do not understand all that they have read.
(c) Slow readers have better understanding and retention of the materials that they have read.
(1) (a) is true and (b) and (c) are false.
(2) (a) and (b) are true and (c) is false.
(3) (a) is false and (b) and (c) are true.
(4) (a) and (c) are true and (b) is false.
92. Which of the following countries initiated the efforts to make businessmen learn fast reading?
(1) Germany
(2) The United Kingdom
(3) The United States
(4) France
93. In one hour of continuous reading for how long do a person’s eyes remain static?
(1) 1 minute
(2) 3 minutes
(3) 57 minutes
(4) All the time
94. The number of words a reader understands is ……….. proportional to his reading speed.
(1) directly
(2) inversely
(3) conversely
(4) reciprocally
95. Read the following statements.
(a) Printed materials take up a lot a space.
(b) Graphic information can be used only for technical publication.
(1) (a) is wrong and (b) is right.
(2) (a) is right and (b) is wrong.
(3) both (a) and (b) are right.
(4) both (a) and (b) are wrong.
96. Some gulp books (para 1) ‘Gulp’ here means that they are
(1) slow readers.
(2) fast readers.
(3) moderate readers.
(4) inconsiderate readers.
97. In vocal chords (para 4) vocal is used as a/an
(1) verb
(2) noun
(3) adverb
(4) adjective
98. others plod along, (para 1) The underlined word is a/an
(1) verb
(2) adverb
(3) noun
(4) adjective
99. In which of the following sentences is the word ‘retained’ used in the same sense as in (para 1) slow readers retain……..?
(1) The police retained control of the situation.
(2) Clay soil can retain water.
(3) He retained a consultant for tax calculations.
(4) He retained his freedom by strictly following the rules
100. The bucks clattered …….. The underlined word stands for
(1) dollars
(2) quick easy money
(3) male deer
(4) horse
101. The bucks move over a ………
(a) rocky area
(b) hard ground
(c) circular path
(1) only (a)
(2) only (b)
(3) both (b) and (c)
(4) both (a) and (b)
102. Why did the bucks ‘clatter’ and ‘swerve’ to ‘left’ and ‘right”?
(1) They were playing with each other.
(2) They were trying to save themselves.
(3) They were chasing the firecat.
(4) The path was so designed.
103. Which of the following is an antonym of ‘circular”?
(1) Round
(2) Straight
(3) Curved
(4) Tubular
104. In (line 3) the expression ‘the frecat bristled in the way’ does not mean that he
(1) obstructed the path.
(2) moved playfully.
(3) stood upright in anger.
(4) dissuaded the bucks from their path.
105. The Firecat ‘closed his bright eyes and slept’ as he :
(1) was tired.
(2) had satisfied his hunger.
(3) realised the chase to be useless.
(4) was hurt while leaping.
106. Choose the correct statement from the following
(1) First language is acquired through training
(2) First language is acquired in school
(3) First language acquisition is a natural process
(4) First language is acquired through conscious effort of the child
107. Which of the following term is related to Vygotsky’s Sociocultural theory?
(1) Process writing
(2) Child as a blank slate
(3) Zone of Proximal Development
(4) Assimilation and Accommodation
108. …….. is the smallest meaningful unit of sound in a language.
(1) Syntax
(2) Semantics
(3) Morpheme
(4) Phoneme
109. Rohit is seven months old infant, he has started making sounds that combine consonants and vowels. He is communicating using which of the following?
(1) cooing
(2) phonemes
(3) linguistic speech
(4) babbling
110. The idea that language determines the way we think about and perceive the world relates to
(1) the Sapir – Whorf hypothesis
(2) linguistic relativity
(3) language socialization
(4) language acquisition
111. Educational process in which learners start then schooling in then mother tongue and then move on to additional languages in school is termed as ……
(1) Basic Education
(2) Humanist Education
(3) Multilingual Education
(4) Bilingual Education
112. Skinner is of the opinion that children often ………. in the language acquisition process.
(1) ignore adults
(2) misbehaves
(3) copy adults
(4) fail badly
113. It is suggested by Plaget that, children learn language through ……….
(1) writing and speaking
(2) assimilation and accommodation
(3) trial and error
(4) shaping
114. The pattern of sentences that children need to learn to master the fundamental skills of language learning is called ……..
(1) Simulation
(2) Assimilation
(3) Structure
(4) Group Learning
115. The mode of using the learner’s native language to teach some academic content while providing additional L2 instruction is called ……
(1) basic education
(2) multilingual education
(3) bilingual education
(4) accuracy
116. Bilingual education is an educational practice where …… in the teaching-learning process
(1) a single language is used
(2) more than three languages are used
(3) two languages are used
(4) no language is used
117. Skinner puts forward the theory that, children best acquire the language through.
(1) acting skills
(2) imitating, prompting and shaping
(3) reading and writing
(4) enhanced speaking
118. One important difference between animal and human communication is that
(1) animals can communicate emotions
(2) humans can communicate emotions
(3) animals communicate to. ensure their own welfare
(4) humans communicate to ensure their own welfare
119. Which of the following you would not consider as an authentic task for language learning?
(1) Using a hotel menu for a speaking task.
(2) Asking learners to write an essay on ‘Goat’.
(3) Asking learners to describe the room in which they are in now.
(4) Asking learners to listen to a film song they like and write the meaning of the same.
120. Bilingual mode of teachinglearning makes use of the learner’s native language and simultaneously …….
(1) provides instruction in L1
(2) provides additional instruction in L2
(3) teaches sign language
(4) learns universal grammar

भाग-V : भाषा-II (हिन्दी )

121. हिन्दी और उर्दू को अलग-अलग भाषाओं में बाँटने का कार्य किया…….
(1) फिल्मों ने
(2) कलाकारों ने
(3) ब्रिटिशों ने
(4) गीतों ने
122. गद्यांश के अनुसार हिन्दी और उर्दू में केवल ……. का अंतर है।
(1) ध्वनि
(2) वाक्य
(3) शब्द
(4) लिपि
123. पंजाबी भाषा की किन दो लिपियों की बात गद्यांश की गई है?
(1) गुरुमुखी और फारसी
(2) गुरुमुखी और देवनागरी
(3) देवनागरी, फारसी
(4) गुरुमुखी, अरबी
124. गद्यांश के अनुसार एक ही भाषा अलग लिपि में लिखे जाने पर-
(1) अलग भाषा-परिवार हो जाती है
(2) अलग भाषा बन जाती है
(3) अलग भाषा नहीं बन जाती है।
(4) अलग बोली बन जाती है
125. गद्यांश में ब्रिटिशों द्वारा ……… की कुटिल राजनीति की चर्चा की गई है
(1) हिंदी
(2) उर्दू
(3) फारसी
(4) भाषा
126. समूह में से भिन्न शब्द है-
(1) हिन्दी
(2) उर्दू
(3) फारसी
(4) लिपि
127. गीत का बहुवचन रूप है-
(1) गीतों
(2) गीत
(3) गीतियाँ
(4) गीतें
128. ‘कबूल की गयी हैं’ वाक्यांश में रेखांकित अंश के स्थान पर कौन-सा शब्द आएगा?
(1) स्वीकार
(2) विकल्प
(3) निर्मित
(4) उजागर
129. हमें कैसे लोगों से मित्रता करनी चाहिए?
(1) जिनका लक्ष्य हमारे लक्ष्य से मेल खाता हो।
(2) अपने से कमतर के साथ मित्रता करनी चाहिए।
(3) अपने से अधिक धनी व्यक्ति से मित्रता करनी चाहिए।
(4) अपने बराबर वालों से मित्रता करनी चाहिए।
130. गद्यांश के आधार पर ‘आपके साथियों से मालूम चल जाता है कि आप जीवन में कहाँ तक जाएँगे।’ इस वाक्य से क्या तात्पर्य है?
(1) आपके साथी आपके आने-जाने की खबर रखते हैं।
(2) आपके साथियों को देखकर आपके भविष्य का अनुमान लगाया जा सकता है।
(3) आपके साथी जैसे होंगे आप वैसे नहीं बनोगे।
(4) आपके साथी आपके जीवन की ऊँचाइयों का निर्धारण नहीं करते हैं।
131. ‘उदार’ का विलोम शब्द है
(1) अनुदार
(2) अउदार
(3) उदारता
(4) अनादर
132. मनुष्य के अंतःकरण की शुद्धता के लिए इनमें से क्या आवश्यक नहीं है?
(1) सकारात्मक परिवेश
(2) साहित्य
(3) सज्जन व्यक्तियों का सानिध्य
(4) अवसरवादिता
133. इनमें से किसमें विशेषण-विशेष्य का संबंध नहीं है ?
(1) नेक पुरुष
(2) सकारात्मक परिवेश
(3) उत्साही मित्र
(4) रख-रखाव
134. ‘धीमे-धीमे’ शब्द है-
(1) पुनरुक्त शब्द
(2) आगत शब्द
(3) विदेशी शब्द
(4) समुच्चयबोधक
135. कैसे लोग अवसरवादी कहलाते हैं?
(1) जो अपना मतलब निकल जाने पर पहचानते नहीं हैं।
(2) जो अपना मतलब निकल जाने पर भी याद रखते हैं।
(3) जो आशावादी हों ।
(4) जो उदार मन से सबका भला करते हैं।
136. निम्नलिखित में से कौन-सा क्रैशन के ‘नेचुरल आर्डर हाइपोथिसिस’ का वर्णन करता है ?
(1) भाषाओं के अंश अनुमान लगाने योग्य क्रम में अर्जित किए जाते हैं।
(2) अध्यापकों को प्राकृतिक ध्वनि संगत मौखिक भाषा का उपयोग करना चाहिए।
(3) पठन सामग्री प्रामाणिक होनी चाहिए।
(4) शिक्षण के दौरान प्रत्येक शिक्षार्थी की अधिगम शैली को ध्यान में रखना चाहिए।
137. भाषा सामग्रियों के शिक्षण के प्रस्तुतीकरण के लिए कार्यविधिक योजना को क्या कहा जाता है?
(1) उपागम
(2) विधि
(3) शिक्षणशास्त्र
(4) तकनीक
138. व्याकरण अनुवाद विधि को किस रूप में जाना जाता है?
(1) शास्त्रीय विधि
(2) शास्त्रीय उपागम
(3) रचनात्मक विधि
(4) आलोचनात्मक शिक्षणशास्त्र विधि
139. किस विधि में मातृभाषा का प्रयोग बिलकुल भी नहीं किया जाता है?
(1) प्रत्यक्ष विधि
(2) ग्रहणशील विधि
(3) गतिविधि आधारित अधिगम विधि
(4) अनुवाद विधि
140. बारीकी से पठन का उदाहरण कौन-सा है ?
(1) पुस्तक के किसी अध्याय में मुख्य विचार को जानने के लिए पठन
(2) किसी फिल्म का सारांश लिखना
(3) किसी विज्ञानपरक लेख का सारांश लिखना
(4) अपने सैलफोन में अपने प्रिय मित्र का फोन नंबर देखना
141. बच्चे किसी भी भाषा में जो भी सुनते हैं, वह उनकी शब्द संपदा को प्रभावित कर सकता है। यह किस सिद्धान्त पर आधारित है?
(1) बच्चे वही सीखते हैं जो वे सबसे अधिक सुनते हैं।
(2) बच्चे अपनी रुचियों के अनुसार सीखते हैं।
(3) बच्चे निष्क्रिय गतिविधियों की अपेक्षा अन्तः क्रियात्मक गतिविधियों के माध्यम से अधिक सीखते हैं।
(4) बच्चे अर्थपूर्ण संदर्भों में सबसे अच्छी तरह से सीखते हैं।
142. कौन-से उपागम के अन्तर्गत सावधानीपूर्वक चयनित और तरवार सामग्रियों का इस्तेमाल किया जाता है?
(1) कौशल आधारित उपागम
(2) रचनावादी उपागम
(3) संरचनात्मक उपागम
(4) संप्रेषणात्मक उपागम
143. आकलन के उपकरण की समरूपता का स्तर और जब इस आकलन उपकरण का उन्हीं व्यक्तियों या उसी समूह के साथ पुनः इस्तेमाल किया जाए और उससे प्राप्त परिणामों का स्तर, इसे क्या कहा जाएगा?
(1) विश्वसनीयता
(2) अंतर
(3) वैधता
(4) सटीकता
144. उपचारात्मक अध्यापन क्या है?
(1) सूक्षम शिक्षण के बाद दिया जाता है।
(2) परीक्षा में अधिक अंक लाने के बाद दिया जाता है।
(3) प्रतियोगी परीक्षाओं के बाद दिया जाता है।
(4) निदानात्मक परीक्षण के बाद दिया जाता है।
145. अध्यापिका ने कक्षा को पाँच-पाँच के समूह में बाँटा और किसी एक रिपोर्ट की प्रतिलिपियाँ दी और कहा कि इसे पढ़कर टिप्पणी लिखें व इसका संक्षिप्त सार लिखें। वह किसे समुन्नत करने का प्रयास कर रही है?
(1) बुनियादी अंतरवैयक्तिक संप्रेषणात्मक कौशल (BICS)
(2) संज्ञानात्मक रूप से उच्च स्तरीय भाषा निपुणता (CALP)
(3) विमर्श दक्षता
(4) समूह परिचर्चा
146. त्रुटियाँ किसके लिए अधिगम के क्षेत्र एवं प्रतिपुष्टि हैं?
A. शिक्षार्थियों के लिए
B. अध्यापकों के लिए
(1) केवल A
(2) केवल B
(3) A और B दोनों
(4) त्रुटियाँ सीखने के क्षेत्र नहीं हैं।
147. वे गतिविधियाँ, जिनमें चलना-उछलना तरह-तरह की शारीरिक क्रियाएँ करना शामिल है, क्या कहलाती हैं?
(1) मौखिक संप्रेषण
(2) शारीरिक गतिविधियाँ
(3) श्रवण गतिविधियाँ
(4) मस्तिष्क को एकाग्र करना (माइन्डफुलनैस)
148. कक्षा चार की एक शिक्षार्थी एक पठनसामग्री पढ़ लेती है और उस पर आधारित कार्य भी कर लेती है. यह सब अपनी माँ . की मदद से कर पाती है। वायगोत्स्की के अनुसार उसकी माँ उसके कार्य में क्या कर रही है?
(1) सहारा दे रही है।
(2) कोचिंग कर रही है।
(3) ट्यूटरिंग कर रही है।
(4) प्रशिक्षण दे रही है।
149. किसी एक बच्चे की भाषा दक्षता कैसे विकसित की जा सकती है?
(1) नियमित रूप से श्रुतलेख देकर
(2) कार्य आधारित गतिविधियों में संलग्न करके
(3) शब्द संपदा का संवर्द्धन करके
(4) व्याकरण के नियम कंठस्थ करवाकर
150. देहभाषा, हाव-भाव और टकटकी लगाकर लगातार देखना किसके उदाहरण हैं?
(1) संकेत
(2) अमौखिक संप्रेषण
(3) मौखिक संप्रेषण
(4) कम्प्यूटर जनित संप्रेषण

उत्तर व्याख्या सहित

भाग-I : बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र

1. (2) विकास एक पूर्वानुमेय पैटर्न का अनुसरण करता है : बच्चे एक पूर्वानुमेय क्रम में सीखते और कौशल हासिल करते हैं एवं मील के पत्थर बनते हैं। एक बच्चे का विकास क्रमिक और संचयी होता है। दूसरे शब्दों में, बच्चा कूदने से पहले उछलना एवं दौड़ना सीखता है।
2. (3) विकास एवं वृद्धि विकास वंशानुगत एवं पर्यावरण की परस्पर क्रिया का परिणाम है। वे किसी व्यक्ति के वृद्धि एवं विकास को निर्धारित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
वृद्धि विकास प्रक्रिया का एक हिस्सा है, क्योंकि इसके मात्रात्मक पहलू को विकास कहा जाता है।
वृद्धि परिणामस्वरूप बच्चे की ऊंचाई, वजन-लंबाई में वृद्धि होती है।
विकास एक गुणात्मक परिवर्तन को संदर्भित करता है जिसके परिणामस्वरूप अंगों के बेहतर कामकाज हेतु समन्वयन दिखता है।
विकास बिना वृद्धि के हो सकता है। सभी वृद्धि विकास हैं लेकिन सभी विकास, वृद्धि नहीं है।
3. (3) लालन-पालन : मानव व्यवहार एवं विकास पर्यावरणीय प्रभावों का परिणाम पोषण है। “प्रकृति” मानव लक्षणों पर जैविक / आनुवंशिक प्रवृत्तियों के प्रभाव को संदर्भित करता है। पोषण किसी के पर्यावरण से सीखने व अन्य प्रभावों के प्रभाव का वर्णन करता है। पर्यावरण को बाहरी परिवेश के रूप में देखा जाता है जिसमें लोग, घटनाएँ एवं भौतिक जगत् शामिल हो सकते हैं।
4. (4) समाजीकरण वह प्रक्रिया है जहां बच्चा समाज में दूसरों के साथ जुड़ना एवं संबंध बनाना सीखता है। यह उस प्रक्रिया को संदर्भित करता है जिसमें एक काफी असहाय मानव : शिशु को एक आत्म- जागरूक, जानकार व्यक्ति में बदल देती है जो अपने समाज की संस्कृति के तौर तरीकों के अनुकरण में कुशल है।
प्राथमिक समाजीकरण: यह शैशवावस्था एवं बचपन के दौरान होता है। यह उस प्रक्रिया को संदर्भित करता है, जहां प्रारंभिक बचपन के वर्षों में परिवार या पड़ोस के माध्यम से बच्चे सामाजिक हो जाते हैं।
द्वितीयक समाजीकरण: उस प्रक्रिया को संदर्भित करता है जो बाद के वर्षों में शिक्षा और स्कूल एवं मीडिया एजेंसियों के माध्यम से शुरू होती है।
5. (1) कोहलबर्ग का नैतिक विकास का . सिद्धांत एक ऐसा सिद्धांत है, जो इस विचार पर केंद्रित है कि बच्चे कैसे नैतिक भाव एवं तर्क विकसित करते हैं। कोहलबर्ग का सिद्धांत बताता है कि नैतिक विकास छह चरणों की एक श्रृंखला में होता है। सिद्धांत यह भी बताता है कि नैतिक तर्क मुख्य रूप से न्याय की तलाश एवं उसे बनाए रखने पर केंद्रित है।
यांत्रिक उद्देश्य उन्मुखता : व्यवहार अपने कार्य परिणामों से निर्धारित होता है। जैसे यदि व्यक्ति दूसरों से पुरस्कार प्राप्त करता है तो जरूरतों को पूरा करने पर भी ध्यान केंद्रित करता है।
6. (3) प्री-ऑपरेशनल चरण पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत का दूसरा चरण है। यह चरण 2 साल से 7 साल की उम्र तक का काल है।
इस चरण के दौरान, बच्चे प्रतीकात्मक खेल में शामिल होने लगते हैं एवं प्रतीकों में हेरफेर करना सीखते हैं।
7. (3) यहाँ विकल्प अकेन्द्रीयता (Decenter) के बजाए केन्द्रीयता (Centration) होनी चाहिए। केन्द्रीयता उस तार्किक सोच की क्षमता को संदर्भित करता है जो एक व्यक्ति को यह निर्धारित करने में सहायक है जैसे कि कंटेनर, आकार या स्पष्टं आकार के समायोजन. के बावजूद एक निश्चित मात्रा वही रहेगी, जैसा कि मनोवैज्ञानिक जीन पियाजे ने कहा है।
प्याजे का सिद्धांत बताता है कि यह क्षमता 2-7 साल की उम्र में बच्चों के विकास के पूर्व-संक्रियात्मक चरण के दौरान मौजूद नहीं है, लेकिन 7-11 साल की उम्र से मूर्त संक्रियात्मक चरण में विकसित होती
8. (3) स्कैफोल्डिंग एक निर्देशात्मक तकनीक है जिसमें एक शिक्षक पूर्व ज्ञान के आधार पर शिक्षार्थी की क्षमता में वृद्धि करने हेतु व्यक्तिगत सहायता प्रदान करता है। अर्थात् स्कैफोल्डिंग विशेष सहायता प्रदान करने की धारणा है जो शिक्षार्थियों को नई अवधारणाओं, कौशल या समझ की ओर बढ़ने में मदद करता है।
9. (1) लेव वायगोत्स्की, “सामाजिक जिसमें सांस्कृतिक सिद्धांत ” प्रतिपादित किया है। जिसमें सामाजिक संपर्क शिक्षार्थी की संज्ञानात्मक क्षमता के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
शब्द ‘कल्चर’ लैटिन “कल्ट ऑफ कल्टस” से निकला है जिसका अर्थ है प्रकृति की ओर बढ़ना, या खेती एवं पोषण करना ।
संस्कृति लोगों के एक विशेष समूह की वह विशेषता और ज्ञान है, जिसमें भाषा, धर्म, व्यंजन, सामाजिक आदतें, • संगीत-कला शामिल हैं।
10. (4) पियाजे के रचनावाद के सिद्धांत का तर्क है कि बच्चे व विद्यार्थी अपने अनुभवों के आधार पर ज्ञान का निर्माण करते हैं और अर्थ का निर्माण करते हैं। पियाजे के सिद्धांत में सीखने के सिद्धांत, शिक्षण के तरीके एवं शिक्षा सुधार सभी शामिल थे। • आत्मसातीकरण करने से व्यक्ति पु अनुभवों में नए अनुभवों को शामिल करता है।
11. (4) मल्टीपल इंटेलिजेंस का सिद्धांत जिसमें आठ अलग-अलग प्रकार की बुद्धि शामिल है, एक अमेरिकी मनोवैज्ञानिक हावर्ड गार्डनर द्वारा प्रतिपादित किया गया है।
यह सिद्धांत इस बात पर जोर देता है कि बुद्धिमत्ता को किसी एक डोमेन से नहीं जोड़ा जा सकता क्योंकि प्रत्येक व्यक्ति की अपनी अनेक क्षमताएँ होती हैं। एक सामान्य कारक पर हावी होने के बजाय बुद्धिमत्ता कई कारक निहित होती है।
उपरोक्त विशेषता हावर्ड गार्डनर के सिद्धांत की पारस्परिक बुद्धिमत्ता से संबंधित :
I. इंटरपर्सनल (अन्तरवैयाक्तिक) इंटेलिजेंस दूसरे की भावनाओं को समझने एवं उनसे संबंधित होने से संबंधित है।
II. इंटरपर्सनल बुद्धि वाला व्यक्ति अन्य लोगों की विभिन्न भावनात्मक अवस्थाओं को समझ सकता है।
III. इंटरपर्सनल इंटेलिजेंस दूसरों के मूड, स्वभाव एवं इरादों के लिए उचित रूप से प्रतिक्रिया करने की क्षमता है।
12. (2) जेंडर स्टीरियोटाइपिंग से तात्पर्य किसी महिला या पुरुष की विशिष्ट विशेषताओं, या भूमिकाओं को केवल उसके के सामाजिक समूह स्त्रीत्व एवं पुरुषत्व के कारण समझने की मानसिकता से है।
13. (2) एक प्रिंट- समृद्ध वातावरण वह है जिसमें बच्चे प्रिंट के कई रूपों के संवाद करते हैं, यह पढ़ने के लिए आवश्यक कौशल को बढ़ावा देने में मदद करता है । प्राइमरी कक्षा के बच्चों के लिए प्रिंट- समृद्ध वातावरण बनाना एवं प्रदान करना महत्वपूर्ण है।
यह बच्चों को अक्षरों एवं अक्षर ध्वनियों के बारे में जानने के अनगिनत अवसरों में मदद करता है।
ध्यान, सीखने, स्मृति एवं सहित मा में भावात्मक प्रक्रियाओं पर संवेग का काफी प्रभाव पड़ता है। संवेग का ध्यान पर विशेष रूप से सशक्त प्रभाव पड़ता है, विशेष रूप से ध्यान की चयनात्मकता को संशोधित करने के साथ-साथ कार्रवाई एवं व्यवहार को प्रेरित करने में।
14. (1) रचनात्मक फीडबैक एक व्यक्ति के प्रदर्शन का परिणाम है जिसका उपयोग सफल कौशल- व्यवहार के निर्माण हेतु सशक्त किया जाता है। रचनात्मक तत्व क्योंकि उस दृष्टिकोण के साथ महत्वपूर्ण है जो नकारात्मक प्रतिक्रिया देने को भी डिमोटिवेटिंग नहीं होता है।
15. (4) पोर्टफोलियो की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह है कि अधिगम के दौरान छात्र की गतिविधियों का शिक्षक द्वारा रिकॉर्ड के तौर पर लेखनीबद्ध करता संचयनी ( Portfolio) है जो फीडबैक एवं आकलन के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है।
16. (3) शिक्षक के लिए पहली अपेक्षा i विकलांग छात्रों के लिए मूल्यांकन के वैकल्पिक तरीके प्रदान करना है; दूसरा है सीखने के माहौल की व्यवस्था करना जो यथासंभव सामान्य या “कम से कम प्रतिबंधात्मक ” हो; एवं तीसरा विकलांग छात्रों के लिए व्यक्तिगत शैक्षिक योजना बनाने में भाग लेना है।
17. (3) ऑटिज्म स्पेक्ट्रम विकार (ASD) एक विकासात्मक विकलांगता है जो सामाजिक, संचार संबंधी व्यवहारिक चुनौतियों का कारण बन जाता है। शब्द “स्पेक्ट्रम ” ASD वाले लोगों के लक्षणहीन, कौशलहीन स्तर की विस्तृत श्रृंखला को संदर्भित करता है।
18. (4) सुविधा वंचित बच्चे हाशिए पर रहने वाले बच्चों का वह समूह है जो समाज के निचले स्तर तक सीमित है। ऐसे समूह को मुख्यधारा की आर्थिक, राजनीतिक, सांस्कृतिक एवं सामाजिक गतिविधियों में शामिल होने से वंचित रखा जाता है।
सामाजिक-आर्थिक असमानताओं के बढ़ने में शिक्षा का हाशिए पर होना एक महत्वपूर्ण कारक है। इनको मुख्य धारा में लाने हेतु अधिक समावेशी शिक्षा की दिशा में कार्य करना जरूरी है।
19. (4) डिस्फेजिया एक भाषा विकार है। यहाँ भाषा हेतु जिम्मेदार मस्तिष्क के क्षेत्र क्षतिग्रस्त हो जाते हैं और ठीक से काम नहीं कर पाते हैं। नतीजतन, डिस्फेसिया वाले लोगों को अक्सर मौखिक संचार में कठिनाई होती है।
डिस्प्रेक्सिया मोटर कौशल, संतुलन एवं समन्वय के साथ परेशानी को संदर्भित करता है।
डिस्कैलकुलिया एक ऐसा शब्द है जो बच्चे की गणित और संख्या – आधारित संचालन को समझने, सीखने एवं प्रदर्शन करने की क्षमता को प्रभावित करता है।
डिस्ग्राफिया लिखित अभिव्यक्ति संबंधी तंत्रिका विकार है जो लिखने की क्षमता एवं ठीक मोटर कौशल को प्रभावित करता है।
20. (3) रचनात्मक विचार को बढ़ावा देने एवं अवसर उपलब्ध कराने में शिक्षक की अनेक भूमिकाएँ, पुन: निर्देशन व सहयोग के माध्यम से वांछनीय व्यवहार के समर्थन एवं स्वीकृति क्रियान्वित होती है। अतः शिक्षक को एक ऐसा वातावरण प्रदान करने की आवश्यकता होती है, जो बच्चों को वास्तविक, प्रत्यक्ष सीखने के अनुभवों में सक्रिय रूप से संलग्न करने हेतु विकासात्मक रूप से उपयुक्त दिशा-निर्देशों का उपयोग करे।
21. (3) समस्या समाधान के वैज्ञानिक पद्धति के चरण हैं : समस्या का को पहचानना, परिकल्पना बनाना, परिकल्पना का परीक्षण करना / प्रयोग करना एवं परीक्षण के परिणामों व रिपोर्ट के आधार पर निष्कर्ष निकालना।
अतः वैज्ञानिक पद्धति में पहला कदम किसी समस्या की पहचान करना एवं उसका विश्लेषण करना है। समस्या के संबंध में डेटा विभिन्न विधियों का उपयोग करके एकत्र किया जा सकता है।
परिकल्पना एक ऐसा वैचारिक कथन है जो एक तार्किक या प्रस्तावित समाधान प्रदान करता है।.
परिकल्पना का परीक्षण/प्रयोग करनायह तब होता है जब परिकल्पना की पुष्टि (या पुष्टि नहीं) करने के लिए एक गतिविधि बनाई जाती है ।
परिकल्पना का सत्यापन- एक बार प्रयोग पूरा हो जाने के बाद, परिणामों का विश्लेषण किया जा सकता है। परिणामों को या तो परिकल्पना की सत्य या असत्य के रूप में पुष्टि करनी होती है।
परीक्षण के परिणामों के आधार पर निष्कर्ष निकालना- इस चरण के दौरान जब प्रासंगिक जानकारी एकत्र की जाती है तो यह समस्या समाधान का अंतिम चरण होता है।
22. (2) छात्रों की क्षमताओं एवं अपेक्षाओं पर एक शिक्षक का प्रभाव, विचार, छात्रों के शैक्षणिक प्रदर्शन व उपलब्धियों पर प्रभाव डालता है।
शैक्षिक प्रयास में रुचि निर्माण और अनुसंधान एक महत्वपूर्ण पड़ाव है ।
23. (2) उच्च आकांक्षाएँ सभी छात्रों की शैक्षणिक उपलब्धि एवं उनकी भलाई दोनों को बढ़ावा देती हैं।
अनुसंधान से पता चलता है कि शिक्षकों, माता-पिता और साथियों की अपेक्षाएं छात्रों के आत्म-सम्मान को प्रभावित करती हैं।
समावेशी शिक्षा दर्शन में सामान्य एवं दिव्यांग सभी अधिगम स्तर वाले विद्यार्थी की संपूर्ण शिक्षा की परिकल्पना क्रियान्वित करने पर जोर दिया गया है। Z
24. (1) सामाजिक रचनावाद के सिद्धांत के अनुसार, व्यक्तियों की सामाजिक दुनिया समाज के साथ बातचीत से विकसित होती है।
सामाजिक रचनावाद सिखाता है कि सभी ज्ञान सामाजिक संपर्क के परिणामस्वरूप विकसित होते हैं और भाषा का उपयोग, और इसलिए एक व्यक्ति के बजाय एक साझा अनुभव है।
25. (4) मनोवैज्ञानिक सेलिगमैन ने पाया कि जब लोगों को लगता है कि उनकी स्थिति पर उनका कोई नियंत्रण नहीं है, तो वे नियंत्रण के लिए लड़ने के बजाय हार मानने की प्रवृत्ति रखते हैं। लाचारी एवं निराशावाद पर उनका शोध अवसाद की रोकथाम एवं उपचार में महत्वपूर्ण प्रभाव था।
26. (3) राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) – 2020 भारत की नई शिक्षा प्रणाली के दृष्टिकोण को रेखांकित करती है :
यह सीखने के संकट को दूर करने के लिए शिक्षा देकर सुलभ, न्यायसंगत एवं समावेशी एक व्यापक ढांचा प्रदान करता है।
NEP-2020 का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य ‘अनुभवात्मक शिक्षा एवं आलोचनात्मक ‘चिंतन’ के माध्यम से छात्रों को बढ़ावा देना है।
27. (2) अवधारणात्मक शिक्षण में विषयों पर सीखने पर ध्यान केंद्रित करने की अधिक पारंपरिक पद्धति का उपयोग करने के बजाय प्रमुख अवधारणाओं एवं केंद्रीय विचारों के आधार पर गुणवत्तापूर्ण सीखने के अनुभवों में लगे छात्र शामिल हैं।
यह गहन एवं संयोजित अधिगम का अनुभव प्रदान करके सभी छात्रों की बौद्धिक गुणवत्ता को बढ़ावा देता है।
28. (2) मनोरंजनात्मक शिक्षान्तर्गत एक शिक्षक जो पने छात्र को सूचित करता है कि उन्हें कितनी देर तक गतिविधि पूरी करनी है और ट्रांजिशन टाइम में उस संगीत बजाना है, जो शैक्षणिक सीखने के समय: को अधिकतम करने में सबसे प्रभावी होंगा।
29. (4) प्रणाली के विफल होने का मतलब है कि न केवल बच्चे का प्रदर्शन विफल रहा बल्कि और बालक शिक्षण सीखने की पूरी प्रक्रिया सीखने के उद्देश्यों को. पूरा करने में विफल रही।
30. (1) मस्तिष्क – उद्वेलन लोगों को निडर निर्णय एवं अधिक स्वतंत्र रूप से सोचने की अनुमति देती है। मस्तिष्क – उद्वेलन समस्याओं को हल करने एवं नवीन विचारों को उत्पन्न करने हेतु उन्मुक्त सहयोग को प्रोत्साहित करता है।

भाग : गणित

31. (1)
32. (1)
33. (2)
34. (2)
35. (1)
36. (1)
37. (4)
38. (3)
39. (2)
40. (2)
41. (3)
42. (4)
43. (1)
44. (1)
45. (3)
46. (4) डिएन्स (1960) ने मूल रूप से गणितीय शिक्षण के चार सिद्धांतों को प्रतिपादित किया जिसके माध्यम से शिक्षक गणित के अनुभवों को बढ़ावा दे सकते हैं और जिसके परिणामस्वरूप छात्रों ने गणितीय संरचनाओं की खोज की।
यह सिद्धांत सामान्य रूप से पढ़ाने और सीखने के बजाय विशेष रूप से गणित के शिक्षण और सीखने से संबंधित है। इसमें चार सिद्धांत शामिल हैं:
आवश्यक अनुभव देने के लिए ठोस सामग्री का उपयोग करते हुए प्रारंभिक, संरचित गतिविधियों को प्रदान किया जाना चाहिए जिससे अंततः गणितीय अवधारणाओं का निर्माण किया जा सके। आगे चलकर मानसिक क्रियाओं का भी इसी प्रकार उपयोग किया जा सकता है।
पहला सिद्धांत, अर्थात् निर्माण सिद्धांत (Constructivity theory) बताता है कि ठोस (जोड़-तोड़) सामग्री पर शारी.. रिक और मानसिक क्रियाओं पर चिंतनशील अमूर्तता के परिणामस्वरूप गणितीय संबंध बनते हैं।
गतिविधियों की संरचना में अवधारणाओं का निर्माण हमेशा विश्लेषण से पहले होना चाहिए।
चर से जुड़ी अवधारणा को उन अनुभवों से सीखा जाना चाहिए जिनमें सबसे अधिक संख्या में चर शामिल हों।
47. (2) गणित में त्रुटियों की भूमिका : गणित शिक्षण में त्रुटि विश्लेषण त्रुटियों की प्रकृति की पहचान करने का प्रयास करता है जो एक शिक्षार्थी एक विशेष प्रकार के असाइनमेंट से निपटने में कर सकता है।
त्रुटियाँ और गलतियाँ गणित सीखने का एक अभिन्न अंग हैं। इसलिए, गणित सीखने में गलतियाँ या त्रुटियाँ करना भी शामिल है।
छात्र अपनी गलतियों और त्रुटियों से भी सीखते हैं।
त्रुटियाँ गणित सीखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं क्योंकि त्रुटियाँ बच्चे की सोच को दर्शाती हैं।
त्रुटियाँ बच्चे की सोच की खिड़की समान होती हैं, जो त्रुटि वे करते हैं वह उनके सोचने के तरीके का प्रतिनिधित्व करती
त्रुटियाँ केवल लापरवाह उत्तर नहीं हैं बल्कि कभी-कभी वे अपने पिछले अनुभव के साथ छात्रों द्वारा बुद्धिमत्तापूर्ण सामान्यीकरण भी करते हैं।
सीखने के अवसरों के रूप में त्रुटियों का उपयोग करने के दृष्टिकोण गणित शिक्षण और सीखने के पारंपरिक संचरण दृष्टिकोण को दूर करने में मदद कर सकते हैं।
48. (3) एक सामान्य त्रुटि जिसका हम अक्सर सामना करते हैं, “बच्चों को दो भिन्न जोड़ने के लिए कहा जाता है: वे अंश के साथ अंश और हर के साथ हर जोड़ते हैं । ” इस तरह की गलत धारणा का संभावित कारण भिन्नों पर लागू होने के अलावा सीखे गए तथ्यों का सामान्यीकरण है।
49. (4) छात्रों के बीच डेटा विश्लेषण की • समझ का आकलन करने के लिए सबसे उपयुक्त रचनात्मक कार्य (सीखने की प्रक्रिया के बीच में दिया गया) एक सर्वेक्षण आधारित परियोजना है।
एक सर्वेक्षण-आधारित परियोजना में किसी विशेष विषय के बारे में प्रश्नों का एक समूह शामिल होता है जिसका उत्तर लोगों द्वारा लिखित या मौखिक सर्वेक्षण करके दिया जाता है।
इस प्रकार के संबंधित विषय या विषय से संबंधित विस्तृत जानकारी या डेटा एकत्र करने, निरीक्षण करने और विश्लेषण करने के लिए सर्वेक्षण किए जाते हैं।
इस प्रकार की परियोजना में, एक शिक्षक डेटा विश्लेषण के बारे में छात्रों की • समझ का आकलन करने में सक्षम होगा।
50. (4) प्रारंभिक वर्षों में बच्चों के लिए गणित सीखने का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है क्योंकि यह महत्वपूर्ण जीवन कौशल प्रदान करता है। वे बच्चों की समस्या को हल करने, मापने और अपनी स्थानिक जागरूकता विकसित करने में मदद करेंगे, और उन्हें सिखाएंगे कि कैसे आकृतियों का उपयोग करना और समझना है।
प्राथमिक स्तर पर छात्रों को गणितीय गतिविधियों में शामिल करने से कई तरह से मदद मिल सकती है जैसे :
(i) बच्चों को कई अमूर्त अवधारणाओं का पता लगाने और कम्प्यूटेशनल रणनीतियों को सीखने के अवसर प्रदान करना ।
(ii) छात्रों को उनकी गणितीय समझ और तर्क को गहरा करने में सहायता करें।
51. (4) ज्यामिति को गणित के महत्वपूर्ण क्षेत्रों में से एक के रूप में पहचाना गया है और इसे प्राथमिक गणित का एक अभिन्न अंग कहा गया है, क्योंकि ज्यामिति में अनुभव गणितीय विचारों और अवधारणाओं को सीखने और कल्पना करने में मदद करते हैं, जो दैनिक जीवन में जो आकार, माप और संरचना आदि के व्यवहार में उपयोगी होते हैं।
52. (2) वह अपने छात्र को गणित में समस्या को हल करने के लिए बहुवादी दृष्टिकोण अपना रही है।
53. (1) प्रासंगिक समस्याओं को यथार्थवादी गणित शिक्षा दृष्टिकोण में अनुभवात्मक रूप से वास्तविक संदर्भों वाली समस्याओं के रूप में परिभाषित किया गया है।
ये समस्याएँ गणित के अनौपचारिक और औपचारिक ज्ञान को जोड़ने के आधार के रूप में कार्य कर सकती हैं। जैसे स्कूल समाप्त होने पर बच्चे अनेक प्रकार के खेल खेलते हैं। यथा फूटबॉल टीम का कैप्टन टीम में अपने खिलाड़ियों को 5 + 3 + 2 या 4+3+3 के क्रम में रखता है।
54. (2) सेक्जैसिमल प्रणाली गिनती, गणना और संख्यात्मक संकेतन की एक प्राचीन प्रणाली थी जिसमें 60 की शक्तियों का उपयोग किया जाता था जितना कि दशमलव प्रणाली 10 की शक्तियों का उपयोग करती है।
सेक्सजेसिमल प्रणाली के आधुनिक उपयोगों में कोणों को मापना, भौगोलिक निर्देशांक, इलेक्ट्रॉनिकनेविगेशन और समय शामिल हैं। एक घंटे के समय को 60 मिनट में और एक मिनट को 60 सेकंड में बांटा गया है।
55. (3) राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (एनसीएफ) 2005 के अनुसार, स्कूलों में गणित की शिक्षा का मुख्य लक्ष्य बच्चे की सोच का ‘गणितीकरण’ करना है।
विचारों की स्पष्टता और तार्किक निष्कर्ष तक मान्यताओं का पीछा करना गणितीय उद्यम के लिए केंद्रीय है।
56. (1) एक रचनावादी कक्षा में, दशमलव के गुणन को शुरू करने के लिए, दशमलव का प्रतिनिधित्व करने के लिए ग्रिड का उपयोग करना और फिर दशमलव के गुणन का परिचय देना उपयुक्त तरीका है।
छात्रों को दशमलव पढ़ाते समय, छात्रों को दृश्य पद्धति या सहायता का उपयोग करके पढ़ाया जाना चाहिए ताकि वे अवधारणा को बेहतर तरीके से समझ सकें।
गैर- दशमलव संख्याओं का गुणन पढ़ाते समय ‘बार-बार जोड़ के रूप में गुणा’ पर जोर दिया जा सकता है क्योंकि बार-बार दशमलव जोड़ना छात्रों के लिए जटिल हो सकता है। एल्गोरिथम दिवाता है कि समस्या को कैसे हल किया जाए लेकिन यह गुणन के वास्तविक जीवन के अर्थ से नहीं जुड़ता है।
गुणन को ‘भाग के व्युत्क्रम के रूप में पढ़ाने से गुणन की अवधारणा को स्पष्ट नहीं किया जा सकेगा।
57. (4) प्रतिशत की अवधारणा को पढ़ाते हुए त्योहारों के मौसम बिक्री और छूट विषय पर एक कक्षा चर्चा शुरू की गई थी । कक्षा में इस प्रकार की चर्चा छात्रों को कक्षा के गणित को वास्तविक दुनिया से जोड़ने में मदद करती है जिससे अवधारणात्मक स्पष्टता में सुधार होता है।
राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा (2005) दैनिक जीवन संबंधी उदाहरणों से बच्चों के गणित ज्ञान तीव्रतर करने का सुझाव देता है। इससे सिद्धांत एवं व्यवहार दोनों प्रमाणित होते हैं।
58. (2) जैसे कि विकल्प में प्रदत्त उदाहरण से स्पष्ट होता है कि गणितीय चिंतन दैनिक जीवन के व्यवहारिक उदाहरणों पर आधारित होता है।
उच्च प्राथमिक स्तर पर गणित पढ़ाने के लिए ‘समस्या समाधान विधि’ सर्वाधिक उपयुक्त है। यह एक रणनीति है जिसमें एक शिक्षक अवधारणाओं को प्रदर्शित करता है और छात्र दृश्य विश्लेषण के माध्यम से समझ को देखकर और सुधार करके सीखते हैं।
59. (1) कक्षा II के बच्चों को एक अंक की संख्याओं को घटाने के बारे में सिखाने के लिए शिक्षक जिस गतिविधि का उपयोग कर सकता है, वह है 6 बिंदुओं को खींचना और उनमें से 2 को घेरना और बच्चों से शेष बिंदुओं को गिनने के लिए कहना । समान उदाहरणों के साथ कुछ प्रक्रिया को दोहराता है।
60. (2) रिहाना गणित की अच्छी शिक्षिका बनना चाहती है। गणित की एक अच्छी शिक्षिका बनने के लिए उसमें वैचारिक समझ और गणित की सामग्री को वास्तविक जीवन से जोड़ने की क्षमता होनी चाहिए।
गणित में वैचारिक शिक्षा छात्रों को अलग-अलग तथ्यों, विधियों या सूत्रों को याद करने के लिए कहने के बजाय रणाओं द्वारा गणित पढ़ाने पर केंद्रित

भाग-III : पर्यावरण अध्ययन

61. (*) जीएसटी (खाड़ी मानक समय ) भारत के मानक समय से 1 घंटे 30 मिनट पीछे है।
संयुक्त अरब अमीरात के अबू धाबी में सुबह 8:30 बजे IST में सुबह 10:00 बजे है।
62. (1) भारत में खाद्य तेल में पाम तेल की सबसे कम वपत होती है।
वहीं, भारत में 50 फीसदी से ज्यादा आबादी सरसों के तेल का सेवन करती है।
63. (2) एलोवेरा, क्रोटन और मनी प्लांट इनडोर प्लांट हैं।
आंतरिक पौधे इमारतों और लोगों के लिए कई तरह के सूक्ष्म तरीकों से अच्छे होते हैं।
64. (3) मिश्रण के घटकों को अलग करने की विधि विनोइंग कहलाती है।
विनोइंग का उपयोग मिश्रण के भारी और हल्के घटकों को हवा या हवा उड़ाकर अलग करने के लिए किया जाता है।
65. (4) परजीवीवाद जुड़ाव का वह तरीका है, जिसमें एक जीव को फायदा होता है और दूसरे को नुकसान होता है। तो एक जीव दूसरे की कीमत पर लाभान्वित होता है।
सहजीवन का अर्थ है, जब दो जीव परस्पर एक दूसरे को लाभ पहुँचाते हैं और एक दूसरे पर निर्भर होते हैं।
66. (4) स्थानिक प्रजातियाँ पौधों और जानवरों की वे प्रजातियाँ हैं, जो किसी विशेष क्षेत्र में विशेष रूप से पाई जाती हैं।
वे स्वाभाविक रूप से कहीं और नहीं पाए जाते हैं।
एक विशेष प्रकार का जानवर या पौधा किसी क्षेत्र, राज्य या देश के लिए स्थानिक हो सकता है।
67. (3) वनों की कटाई से तापमान में वृद्धि होती है और वर्षा की मात्रा और वितरण में परिवर्तन होता है।
जब जंगलों को साफ किया जाता है या जला दिया जाता है, तो संग्रहित कार्बन मुख्य रूप से कार्बन डाइऑक्साइड के रूप में वातावरण में छोड़ दिया जाता है।
वनों की कटाई ( पेड़ों की कटाई) भूजल के जल स्तर को कम करती है। वृक्ष वायुमंडल में जलवाष्प छोड़ते हैं जो वर्षा में सहायक होते हैं।
वनों की कटाई के परिणामस्वरूप मिट्टी की जल धारण क्षमता में कमी आती है। इससे जमीन में पानी की घुसपैठ कम हो जाती है, जिससे बाढ़ आती है।
68. (2) गर्म और ठंडे रेगिस्तान के बीच मुख्य अंतर यह है कि गर्म रेगिस्तान में तेज धूप होती है, जबकि ठंडे रेगिस्तान में भूमि बर्फ और हिम से ढकी होती है।
इसलिए, गर्म रेगिस्तान का तापमान अधिक होता है जबकि ठंडे रेगिस्तान का तापमान कम होता है।
गर्म रेगिस्तान लाल या नारंगी रंग के होते हैं जबकि ठंडे रेगिस्तान भूरे रंग के होते हैं।
गर्म रेगिस्तान एक महत्वपूर्ण मौसमी प्रभाव का अनुभव नहीं करते हैं, जबकि ठंडे, रेगिस्तान मौसमी प्रभाव का अनुभव करते हैं।
69. (2) जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क 1936 में हैली नेशनल पार्क के रूप में स्थापित किया गया था और यह नैनीताल जिले में स्थित है।
इसे लुप्तप्राय: बंगाल टाइगर की रक्षा के लिए बनाया गया था।
70. (3) अंकुरण बीजों के नए पौधों के रूप में विकसित होने की प्रक्रिया है। सबसे पहले, पर्यावरणीय परिस्थितियों को बीज को बढ़ने के लिए प्रेरित करना चाहिए ।
जब पानी प्रचुर मात्रा में होता है, तो बीज अंतःक्षेपण नामक प्रक्रिया में पानी से भर जाता है।
पानी विशेष प्रोटीन को सक्रिय करता है, जिसे एंजाइम कहा जाता है, जो बीज वृद्धि की प्रक्रिया शुरू करते हैं।
भूमिगत पानी तक पहुंचने के लिए बीज जड़ पैदा करता है।
शूट जमीन के ऊपर दिखाई देता है।
बीज सतह की ओर एक अंकुर भेजता है, जहां यह ऊर्जा प्रदान करने वाला भोजन बनाने के लिए पत्तियाँ उगाएगा।
फोटोमोर्फोजेनेसिस नामक प्रक्रिया में पत्तियाँ प्रकाश स्रोत की ओर बढ़ती रहती हैं।
71. (3) पके हुए बाजरे की तने को बड़े चाकू या कटर की सहायता से काटा जाता है।
फिर बाजरा के बीजों को पीसकर पाउडर प्राप्त करने के लिए ग्राइंडर का उपयोग किया जा रहा है।
अधिकांश घरों में, आटा बनाने में तकनीकों का उपयोग शामिल नहीं होता है।
आटे और सीक की भूसी को अलग करने के लिए छलनी का इस्तेमाल किया गया होगा।
आटा बनाने से पहले आमतौर पर आटे को छान लिया जाता है।
उसके बाद आटे में पानी मिलाना है।
आमतौर पर लोग आटा बनाने के लिए आवश्यक मात्रा में पानी का अनुमान लगाते हैं।
लोग केवल हाथों से आटा गूंथने की सदियों पुरानी पद्धति का उपयोग करते हैं।
कुछ देर गूंथने के बाद रोटी वाला आटा तैयार हो जाता है।
72. (4) रेड डाटा बुक वस्तुतः विश्व में लुप्तप्राय: जानवरों और पौधों का प्रमाणिक रिकॉर्ड रखता है। इसीलिए इसे प्रमाणिक स्रोतबुक माना जाता है।
रेड डाटा बुक पौधों, जानवरों और अन्य प्रजातियों के लिए अलग है।
73. (1) नेहरू पर्वतारोहण संस्थान की स्थापना वर्ष 1965 में 14 नवंबर को पंडित जवाहरलाल नेहरू की महान इच्छा का सम्मान करने और सम्मान देने के उद्देश्य से की गई थी, जो भारत के पहले प्रधानमंत्री थे और एक उत्साही पर्वत प्रेमी भी थे।
संस्थान उत्तराखंड के पहाड़ी राज्य उत्तरकाशी में स्थित है।
74. (2) जिन राज्यों के एक तरफ समुद्र है, वे हैं पश्चिम बंगाल, उड़ीसा, आंध्र प्रदेश, पुड्डुचेरी, तमिलनाडु, केरल, गोवा, महाराष्ट्र, गुजरात।
75. (2) मकर संक्रांति का त्योहार उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश में मनाया जाता है। इसे तिल संक्रांति भी कहते हैं।
नबन्ना बंगाल की सबसे प्रसिद्ध परंपराओं में से एक है, जहाँ नए चावल को खुशी के साथ काटा जाता है और घरों में रखा जाता है।
गुड़ी पड़वा महाराष्ट्र में मनाया जाता है। बिहू असम में मनाया जाता है।
76. (3) लोकेश लैंडफिल और पर्यावरण पर उनके प्रभाव के बारे में बात कर रहे थे। उन्होंने छात्रों से पास के लैंडफिल क्षेत्र का दौरा करने और केस स्टडी रिपोर्ट तैयार करने को कहा। यह गतिविधि महत्वपूर्ण है क्योंकि :
(i) छात्रों को कक्षा से बाहर जाने और आनंद लेने में मदद करता है।
(ii) छात्रों को समस्या को कम करने के लिए परिस्थितियों का विश्लेषण और सोचने में मदद करता है।
77. (3) छात्रों को पर्यावरणीय समस्याओं और समाधानों से संबंधित मॉडल तैयार करने और एक राष्ट्रीय प्रदर्शनी में भाग लेने के लिए कहा जाता है। यह छात्रों को मॉडल बनाने के रूप में संलग्न करने का एक अच्छा तरीका है जिससे छात्रों की आलोचनात्मक सोच विकसित होती है।
उच्च स्तरीय सोच कौशल में संश्लेषण, विश्लेषण, तर्क, समझ, अनुप्रयोग और मूल्यांकन शामिल हैं।
78. (2) स्कूल में बागवानी : बगीचे पृथ्वी के लिए महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि मानव निर्मित होने के बावजूद, वे एक प्राकृतिक वातावरण का प्रतिनिधित्व निम्नलिखित रूपों में करते है :
स्वस्थ भोजन को प्रोत्साहित करना : स्कूल की बागवानी बच्चों को उपयोगी विकास कौशल सिखाने के साथ-साथ अतिरिक्त बाहरी व्यायाम करने के अवसर प्रदान करती है। फलों और सब्जियों वाले बगीचे विशेष खाद्य पदार्थों के बारे में दृष्टिकोण को संशोधित करने में मदद कर सकते हैं। छात्रों द्वारा खुद उगाई गई सब्जियों को खाने की कोशिश करने “और घर पर उनके लिए पूछने की अधिक संभावना है। जब यह प्रभाव घर वापस ले लिया जाता है, तो यह उनके परिवार की खरीदारी और भोजन विकल्पों को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है।
पर्यावरण की प्रशंसा : बच्चों की प्रकृति के साथ जुड़ाव की भावना को गहरा करके, स्कूल की बागवानी पर्यावरण के प्रबंधन को प्रेरित कर सकती है। बच्चे पानी और ऊर्जा चक्र, खाद्य श्रृंखला और विभिन्न प्रजातियों की व्यक्तिगत जरूरतों के बारे में जानने में सक्षम हैं, जिसका अर्थ है कि उन्हें बाहर तलाशने की अधिक इच्छा होगी। बागवानी प्राकृतिक पर्यावरण पर दीर्घकालिक मानव प्रभाव में अंतर्दृष्टि भी प्रदान कर सकती है।
अनूठा अनुभव प्रदान करना : बच्चों को कक्षा में अधिक कठिन तरीके से संलग्न करने में मदद करने के लिए बागवानी गतिविधियाँ शानदार हैं। यह आश्चर्य पैदा करने की अनुमति देता है, उदाहरण के लिए, जब पौधे कवक से पीड़ित होते हैं, तो मौसम और मौसम विभिन्न फसलों के विकास को कैसे प्रभावित कर सकते हैं और विभिन्न पौधों द्वारा विभिन्न कीड़े कैसे लुभाए जाते हैं।
79. (2) बगीचे में दो गमले रखे गए और उन दोनों में सेम (बीन्स) के बीज बोए गए। शिक्षक ने ‘राधा को दो अलग-अलग स्थानों पर दो बर्तन रखने के लिए कहाएक छाया में और एक धूप में। उन्हें नोट बुक में प्रतिदिन अवलोकन करने और रिकॉर्ड करने के लिए कहा। इससे राधा को अपने अवलोकन कौशल को विकसित करने में मदद मिलेगी। अवलोकन अनुभव के द्वारा है।
80. (3) ईवीएस शिक्षक अपने छात्रों को अपने इलाके के एक पौधे/पेड़ का देखभाल – करने वाला बनाकर पर्यावरण का सबसे अच्छा रक्षक बनाते हैं।
प्रकृति सुंदर है और इसे संरक्षित करने की आवश्यकता है। जब प्रकृति की देखभाल की जाती है, तो वह हमें वह सब कुछ प्रदान करती है, जिसकी हमें आवश्यकता होती है, लेकिन अगर इसका दुरुपयोग किया जाए तो यह अपना रोष भी व्यक्त कर सकती है।
पर्यावरण संरक्षण को पूर्वस्कूली अवस्था से ही मुख्य विषयों के साथ एकीकृत किया जाना चाहिए। जब हम कम उम्र से ही बच्चों में पर्यावरण संरक्षण के महत्व को सुदृढ़ करते हैं, तो वे अपने द्वारा लिए गएं निर्णयों के प्रति सचेत होंगे।
81. (4) एक छात्र के दृष्टिकोण से पूछताछ आधारित शिक्षा एक खुले प्रश्न या समस्या की जांच करने पर केंद्रित है। उन्हें किसी निष्कर्ष पर पहुंचने के लिए साक्ष्य – आधारित तर्क और रचनात्मक समस्या समाधान का उपयोग और प्रस्तुतीकरण करना जरूरी है।
शिक्षक के दृष्टिकोण से, पूछताछ-आधारित शिक्षण छात्रों को सामान्य जिज्ञासा से परे आलोचनात्मक सोच और समझ के दायरे में ले जाने पर केंद्रित है।
पूछताछ आधारित शिक्षा के माध्यम से निम्नलिखित हासिल किया जाता है :
(i) छात्र की जिज्ञासा में वृद्धि ।
(ii) सीखने में छात्रों की व्यस्तता ।
(iii) छात्रों के बीच सामाजिक संपर्क |
82. (1) छात्रों की सीखने की क्षमता में सुधार के लिए अनुभवात्मक अधिगम महत्वपूर्ण है। अनुभवात्मक अधिगम के माध्यम निम्नलिखित प्राप्त किया जा सकता है:
(i) संवेदी अनुभव।
(ii) ठोस अनुभव।
(iii) प्रक्रिया कौशल में सुधार।
83. (1) सामाजिक एवं आर्थिक रूप से पिछड़ेपन की पृष्ठभूमि न केवल कम आय को दर्शाती है, बल्कि इसमें निम्न शैक्षिक उपलब्धि, गरीबी, खराब स्वास्थ्य, वित्तीय असुरक्षा आदि भी शामिल हैं।
सामाजिक आर्थिक रूप से वंचित पृष्ठभूमि से आने वाले बच्चों को एक कक्षा के उस वातावरण की आवश्यकता होती है जो उनके सांस्कृतिक और भाषाई ज्ञान को महत्व देता है। क्योंकि इस पृष्ठभूमि के बच्चों में अच्छे संज्ञानात्मक विकास, ध्वनि संबंधी जागरूकता, शब्दावली, पढ़ने के अधिग्रहण के मौलिक कौशल आदि की कमी होती है।
इसलिए, यह एक शिक्षक का मुख्य कर्तव्य है कि वह अपने स्थानीय ज्ञान को कक्षा के वातावरण से जोड़ कर उन्हें सहज महसूस कराए और सीखाने में सहभगी बनें।
84. (1) स्कूल का बगीचा : बगीचे पृथ्वी के लिए महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि मानव निर्मित होने के बावजूद, वे एक प्राकृतिक वातावरण वे का प्रतिनिधित्व करते हैं।
बगीचा बच्चों को उपयोगी विकास कौशल सिखाने के साथ-साथ अतिरिक्त ज्ञान प्राप्त करने के अवसर प्रदान करती है। फलों और सब्जियों वाले बगीचे विशेष खाद्य पदार्थों के बारे में दृष्टिकोण को संशोधित करने में मदद कर सकते हैं। छात्रों द्वारा खुद उगाई गई सब्जियों को खाने की कोशिश करने और घर पर उनके लिए पूछने की अधिक संभावना है। जब यह प्रभाव घर वापस ले लिया जाता है, तो यह उनके परिवार की खरीदारी और भोजन विकल्पों को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है।
बगीचे से बच्चों की प्रकृति के साथ जुड़ाव की भावना को गहरा करके, स्कूल की बागवानी पर्यावरण के प्रबंधन को प्रेरित कर सकती है। बच्चे पानी और ऊर्जा चक्र, खाद्य श्रृंखला और विभिन्न प्रजातियों की व्यक्तिगत जरूरतों के बारे में जानने में सक्षम हैं, जिसका अर्थ है कि उन्हें बाहर तलाशने की अधिक इच्छा होगी। बागवानी प्राकृतिक पर्यावरण पर दीर्घकालिक मानव प्रभाव में अंतर्दृष्टि भी प्रदान कर सकती है।
बच्चों को कक्षा में अधिक कठिन तरीके से संलग्न करने में मदद करने के लिए बागवानी जैसे गतिविधियाँ शानदार हैं। यह आश्चर्य पैदा करने की अनुमति देता है, उदाहरण के लिए, जब पौधे कवक से पीड़ित होते हैं, तो मौसम और मौसम विभिन्न फसलों के विकास को कैसे प्रभावित कर सकते हैं और विभिन्न पौधों द्वारा विभिन्न कीड़े कैसे लुभाए जाते हैं।
85. (1) अपने ईवीएस कक्षा में मूल्यांकन के लिए चर्चा और पारस्परिक कौशल उपकरण का उपयोग करना चाहिए।
पारस्परिक कौशल वे कौशल हैं जिनका हम प्रतिदिन उपयोग करते हैं, जब हम व्यक्तिगत और समूहों दोनों में अन्य लोगों के साथ संवाद और बातचीत करते हैं। उनमें कौशल की एक विस्तृत श्रृंखला शामिल है, लेकिन विशेष रूप से संचार कौशल जैसे सुनना और प्रभावी बोलना। इनमें आपकी भावनाओं को नियंत्रित और प्रबंधित करने की क्षमता भी शामिल है।
86. (3) पर्यावरण अध्ययन के शिक्षक श्री मेहता हमेशा अपनी कक्षा में भारत का नक्शा रखते हैं, क्योंकि नक्शे छात्रों को स्थानों और दिशाओं की सापेक्ष स्थिति को समझने में मदद करते हैं। क्योंकि इवीएस भौगोलिक ज्ञान के ज्यादा करीब हैं।
87. (3) अवलोकन समय की अवधि में बच्चों के व्यवहार पर नजर रखने की प्रक्रिया है। अर्थपूर्ण और विस्तृत दस्तावेजीकरण के माध्यम से, शिक्षक पैटर्न देख सकते हैं और आयु-उपयुक्त गतिविधियों की योजना बना सकते हैं। इस बारे में भी अंतर्दृष्टि प्राप्त कर सकते हैं कि बच्चा दुनिया के बारे में कैसे सोचता है, और विकास और विकास को बढ़ावा देने के लिए सीखने के माहौल को बदलने के अवसर प्रदान करता है।
88. (2) शिक्षण अधिगम पद्धति का चयन विभिन्न कारकों पर निर्भर करता है। जैसे कि अवधारणा, बच्चों का पूर्व सीखने का अनुभव और संसाधनों की उपलब्धता । यह स्कूल के दर्शन पर निर्भर नहीं करता है। एक शिक्षक के लिए यह आवश्यक है कि वह पहले छात्रों के साथ बातचीत. करे और उस अवधारणा पर छात्रों के पूर्व अनुभव की पहचान करे जिसे वह पढ़ाने जा रहा है और फिर उपलब्ध संसाधनों के साथ उस अवधारणा पर आगे निर्माण करने के लिए सबसे उपयुक्त विधि/दृष्टिकोण का चयन करें।
प्राथमिक स्तर पर ईवीएस शिक्षण के बेहतर तरीके निम्नलिखित हैं :
(i) छात्रों को अवलोकन करने के लिए कहना ।
(ii) समीपवर्ती क्षेत्र का दौरा |
(iii) वृत्तचित्र देखना।
89. (4) पर्यावरण विज्ञान में शिक्षण प्रक्रियाओं को इसके उद्देश्यों द्वारा नियंत्रित किया जाना चाहिए। विशिष्ट लक्ष्य, उद्देश्य और एक इकाई की सामग्री की प्रकृति शिक्षण में उपयोग की जाने वाली विधियों को निर्धारित करती है।
पर्यावरण विज्ञान शिक्षण के व्यापक उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए उपयुक्त विधियों की आवश्यकता है। विधि रचनात्मक सोच, तर्क और आलोचनात्मक निर्णय में प्रशिक्षण देती है।
ईवीएस-शिक्षण के लक्ष्य में छात्रों की गहरी और व्यापक भागीदारी होनी चाहिए। व्याख्यान या प्रश्न – उत्तर पद्धति के अलावा, छात्रों को पुस्तक सीखने, अवलोकन, साक्षात्कार सर्वेक्षण, व्याख्या, समीक्षा, रिकॉर्डिंग, रिपोर्टिंग और मूल्यांकन सहित विभिन्न प्रकार के सीखने के अनुभवों से अवगत कराया जाना चाहिए।
90. (1) सामाजिक रचनावादी दृष्टिकोण: ज्ञान के निर्माण के लिए सीखना रचनावाद की मूल धारणा है जो पारंपरिक वस्तुवादी दृष्टिकोण के विपरीत एक प्रतिमान है।
सामाजिक रचनावादी दृष्टिकोण के अनुसार :
(i) सीखना प्रामाणिक और वास्तविक दुनिया के वातावरण में होना चाहिए ।
(ii) सीखने में सामाजिक बातचीत और मध्यस्थता शामिल होनी चाहिए।
(iii) विषयवस्तु और कौशल को शिक्षार्थी के लिए प्रासंगिक बनाया जाना चाहिए ।
(iv) शिक्षक मुख्य रूप से मार्गदर्शक और सीखने के सूत्रधार के रूप में कार्य करते हैं, न कि प्रशिक्षक के रूप में।
(v) शिक्षकों को सामग्री के विविध दृष्टिकोणों और प्रतिनिधित्वों को प्रदान करना चाहिए और उन्हें प्रोत्साहित करना चाहिए।
(vi) सामग्री और कौशल को शिक्षार्थी के पूर्व ज्ञान के ढांचे के भीतर समझा जाना चाहिए।
(vii) भविष्य के सीखने के अनुभवों को सूचित करने के लिए छात्रों को औपचारिक रूप से मूल्यांकन किया जाना चाहिए ।
(viii) छात्रों को स्व-नियामक, स्व- ध्यानस्थ और आत्म-जागरूक बनने के लिए. प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।

भाग-V: LANGUAGE-I (ENGLISH)

91. (1) काफी लोग slow readers होते हैं। लेकिन slow reading का यह तात्पर्य नहीं है कि reading matter अच्छे से समझ आ जाएगा। कुछ लोग तेज पढ़ते हैं और समझ जाते हैं। अतः Statement (a) सही है जबकि statements (b) और (c) गलत है।
92. (3) Second World War के बाद प्रथम बार यह Harvard University (USA) में किया गया। वे businessmen जो fast reading को सीखना चाहते थे, उनके लिए classes organised की गई। Para ( 2 ) देखें ।
93. (3) एक घंटे की लगातार reading के दौरान उसकी आँखें 57 minutes के लिए fixed रहती हैं और वे बचे तीन minutes में ही move करती है।
94. (1) Stop के दौरान reader जितने अधिक number of words, cover कर सकता है, उतना ही अच्छा वह उन्हें समझ पाता है और उतनी ही fast reading कर पाता है। इसका अर्थ हैnumber of words किसी की reading speed की direct proportional है।
95. (1) Statement (a) गलत है एवं Statement (b) सही है । Last para देखें।
96. (2) gulp का अर्थ है किसी चीज को शीघ्रता से निगलना। यहाँ ‘gulp’ से तात्पर्य है कि वे fast readers हैं।
97. (4) vocal adjective है क्योंकि यहाँ यह chords (noun) को modify कर रहा है।
The protesters are a small but vocal minority.
98. (1) Plod verb है जिसका अर्थ है- सुस्त तरीके से परन्तु लगातार किसी dull task को करना ।
Aircraft production continued to plod along at an agonizingly slow pace.
99. (2) passage में,
retain का अर्थ है- किसी substance को absorb एवं hold करके रखना।
अत: option ( 2 ) में verb same sense में प्रयोग की गई है जैसे कि verb ‘retain’ है
100. (3) ‘Bucks’ vague है और संभवत: ironic है। यह male animals, शायद deerantelope indicate करता है।
101. (3) जैसा कि stanza 2 की चौथी line में बताया गया है, bucks circular path पर ‘चलते-फिरते हैं।
102. (2) Bucks धम-धम करके कभी left तो कभी right चलते है जिससे कि वे स्वयं को firecat से बचाकर रख सके।
103. (2) Circular का अर्थ है- Straight forward या direct न होना। अतः straight इसका स्पष्ट रूप से antonym है।
The path is nearly circular.
104. (3) Bristle का अर्थ है- किसी आदमी का गुस्से में या रक्षात्मक तरीके से प्रतिक्रिया करना। अतः question में दी हुई statement का अर्थ है- firecat गुस्से में खड़ी रही।
105. (1) Firecat ने अपनी bright आँखों को बंद कर लिया और सो गई क्योंकि इधर-उधर कूदा – फांदी करके वह थक गयी थी।
106. (3) First language acquisition language सीखने की प्रक्रिया है जो हर कोई जन्म से सीखता है या जन्म से कुछ माह बाद जब infants अपनी native भाषा ग्रहण करते हैं। अतः यह एक है। natural process
107. (3) socio cultural theory का important concept Zone of proximal development जाना जाता है। Vygotsky के अनुसार, यह actual development level (सीखने वाले का), जो problem solving द्वारा निर्धारित किया जाता है, और potential development level (adult guidance के तहत problem solving द्वारा निर्धारित किया जाता है या capable peers के साथ मिलकर) के बीच का distance है।
108. (3) morphemes किसी भाषा के सबसे छोटे meaningful elements हैं। Phonemes किसी भाषा की basic units है जिन्हें morphemes एवं शब्द बनाने के लिए प्रयोग किया जाता है।
109. (4) babbling and baby jargonयह repeated syllables को बार-बार प्रयोग करना है, जैसे-ba-ba-ba इसका कोई specific meaning नहीं होता। यह 6 से 9 महीनों के बीच होता है।
110. (1) Sapir-whorf hypothesis को linguistic relativity hypothesis भी जाना जाता है। इसका अर्थ है- सुझाव कि जो particular language कोई व्यक्ति बोलता है यह उस व्यक्ति के reality के विषय में सोचने के तरीके को प्रभावित करती है।
111. (3) Educational प्रक्रिया जिसमें learners अपनी mother tongue में schooling शुरु करते हैं और फिर school में और अधिक languages सीखते है। इसे multilingual education कहा जाता है।
112. (1) Skinner का language acquisition idea operant conditioning के माध्यम से इस fact को सम्मिलित करता है कि बच्चे adults द्वारा बताई गई language corrections को अनदेखा करते हैं।
113. (2) Piaget को विश्वास था कि हम स्वयं को नए experiences एवं information के अनुकूल दो तरीकों से बना सकते हैं— Assimilation एवं Accommodation.
114. (3) Structural approach एक language learning technique है जिसमें सीखने वाला sentence pattern के ऊपर महारत हासिल करता है।
115. (3) Bilingual education से तात्पर्य है- वह educational practice : जिसमें teaching-learning प्रक्रिया में दो languages प्रयोग की जाती है। academic content को पढ़ाने हेतु यह student की native language . का प्रयोग करती है। साथ ही साथ यह L-2 instruction भी provide करती है।
116. (3) Bilingual education से तात्पर्य है – academic content को दो languages में पढ़ाना- native भाषा में एवं अन्य किसी और भाषा में।
117. (2) Skinner ने सुझाव दिया कि बच्चे दूसरे की नकल करके, prompting एवं shaping के माध्यम से भाषा सीखते हैं।
118. (4) इंसान अपने welfare को सुनिश्चित करने हेतु communicate करते हैं जबकि पशु यह नहीं कर सकते हैं।
119. (2) authentic learning activities tasks है जो real world में students को दी जाती है ताकि वे कक्षा में सीखी हुई सांम्रगी को apply कर सके एवं और अधिक सीखते रहे जो उनके लिए relevant हो। अत: ‘बकरी’ पर essay लिखना authentic learning activity नहीं है।
120. (2) Bilingual mode of teaching से तात्पर्य है दो languages का प्रयोग medium of instruction के रूप में सीखना।

भाग- V : भाषा-II: हिन्दी

121. (3) दिए गए अनुच्छेद के अनुसार हिन्दी और उर्दू को दो भाषाओं में बांटने का कार्य अंग्रेजों ने किया था।
122. (4) दिए गए अनुच्छेद के अनुसार हिन्दी ‘ और उर्दू में केवल लिपि का अंतर है।
हिंदी और उर्दू भारतीय उपमहाद्वीप में बोली जाने वाली दो प्रमुख भाषाएँ हैं। वर्तमान समय में हिन्दी मुख्यत: देवनागरी लिपि में लिखी जाती है जबकि उर्दू मुख्यत: नस्तालीक में।
दोनों की सामान्य शब्दावली भी बहुत सीमा तक समान है, विशेष सन्दर्भों में हिन्दी में संस्कृत शब्दों की अधिकता हो जाती है जबकि उर्दू में फारसी और अरबी ” शब्दों की बहुत से लोग यह मानते हैं कि नामभेद, लिपिभेद और शैलीभेद के अलावा दोनों एक ही भाषा हैं, अलग-अलग नहीं।
123. (1) दिए गए अनुच्छेद के अनुसार उर्दू भाषा के दो लिपियों की चर्चा की गयी है। एक गुरुमुखी लिपि है, जोकि भारत में प्रयोग में लायी जाती है, जबकि दूसरी फारसी लिपि जो पाकिस्तान में प्रयोग में लाई जाती है।
124. (3) दिए गए अनुच्छेद के अनुसार एक ही भाषा को अलग-अलग लिपि में लिखे जाने पर दो भाषा नहीं बन जाती है, बल्कि वह एक ही भाषा बनी रहती है।
लिपि और भाषा सहजात संबंध नहीं | होता। इसीलिए एक भाषा को कई लिपियों में लिखा जा सकता है, जैसे- संस्कृत देवनागरी, रोमन, कन्नड़, तेलुगु आदि अनेक लिपियों में लिखी जाती है।
इसी प्रकार एक ही लिपि में अनेक भाषाएँ लिखी जा सकती हैं, जैसे- रोमन में अंग्रेजी, फ्रेंच, जर्मन, हिंदी आदि अनेक भाषाएँ लिखी जा रही हैं।
125. (4) दिए गए अनुच्छेद के अनुसार ब्रिटिश मालिकों के द्वारा भाषा के ऊपर कुटिल राजनीति की गयी है।
भाषा की राजनीति करने वाले लोग भाषाई मतभेद उत्पन्न कर उसका राजनीतिक लाभ उठाते हैं। यह उनकी रणनीति का हिस्सा है।
सामान्यतः भाषा की राजनीति राजनेताओं द्वारा की जाती है।
जिसमें कई नेता चाहे वे किसी अन्य भाषा में आमतौर पर बात करते हों, लेकिन जनता के सामने उनकी भाषा में बात करते हैं, जिससे जनता को विश्वास हो कि वह नेता उन्हीं का है।
इस तरह का कार्य नेता अपना रिश्ता जनता से जोड़ने के लिए करते हैं। इसके अलावा भी कई प्रकार से भाषा की राजनीति की जाती है।
126. (4) दिए गए प्रश्न में लिपि कोई भाषा नहीं है जबकि हिन्दी, उर्दू और फारसी भाषा हैं।
127. (1) गीत का बहुवचन गीतों ही होता है।
128. (1) कबूल की गयी का अर्थ है स्वीकार की गयी।
129. (1) दिए गए अनुच्छेद अनुसार जिनका लक्ष्य हमारे लक्ष्यों से मेल खाता हो उन्हीं लोगों से मित्रता करनी चाहिए।
दुष्ट और चुगलखोर व्यक्ति को कभी ‘मित्र नहीं बनाना चाहिए। ऐसे मित्र समय आने पर धोखा देने से नहीं चूकते हैं।
130. (2) दिए गए अनुच्छेद के अनुसार आपके साथियों को देखकर आपके भविष्य का 4 अनुमान लगाया जा सकता है। क्योंकि बेहतर दोस्त ही इस बात का निर्धारण करते हैं कि आपका भविष्य क्या है और आप कहाँ तक सफल होंगे।
131. (1) उदार का विलोम अनुदार होता है।
132. (4) अवसरवादिता अच्छे मनुष्य के लिए जरूरी नहीं है। इससे मनुष्य के अन्तःकरण की शुद्ध नहीं होती है।
परिवेश में आस-पास के सभी पहलू शामिल हैं अर्थात् मानवीय तथा गैरमानवीय पहलू जैसे माता-पिता, मित्र, स्कूल, आस-पड़ोस, कार्यस्थल तथा सामाजिक आर्थिक परिस्थितियाँ, जिनके संपर्क में व्यक्ति जन्म से ही आता है।
133. (4) रख-रखाव में कोई विशेषण और विशेष्य का संबंध नहीं है। बाकी के सभी दिए गए शब्द में विशेषण और विशेष्य के संबंध है।
134. (1) धीरे-धीरे शब्द पुनरुक्त शब्द है।
जब किसी शब्द की आवृत्ति एकसाथ दो बार होती है अर्थात् वही शब्द या उस से मिलता जुलता (प्रति-ध्वन्यात्मक) या विलोम शब्द एक साथ पास-पास आते हैं तो ऐसे शब्द को पुनरुक्त शब्द कहते हैं। उदाहरण धीरे-धीरे, आना-जाना, गड़-गड़, रुक-रुक आदि।
135. (1) अवसरवाद या मौकापरस्ती उसूलों के खिलाफ जाकर या दूसरों की परवाह किये बिना परिस्थितियों का लाभ उठाकर स्वार्थी निर्णय लेना होता है।
136. (1) नेचुरल ऑर्डर हाइपोथीसिस (प्राकृतिक क्रम परिकल्पना) में सभी शिक्षार्थी किसी भाषा की व्याकरणिक संरचनाओं को लगभग स्वभाविक व तर्कसंगत में प्राप्त करते हैं।
यह पहली और दूसरी भाषा अधिग्रहण दोनों पर लागू होता है। यह क्रम उस सहजता पर निर्भर नहीं है जिसके साथ किसी विशेष भाषा की विशेषता को पढ़ाया जा सकता है।
यह परिकल्पना हेइडी दुले और मरीना बर्ट द्वारा किए गए मर्फीम अध्ययनों पर आधारित थी, जिसमें पाया गया कि भाषा अधिग्रहण के दौरान कुछ मर्फीम दूसरों के सामने अनुमानित रूप से सीखे गए थे।
इस परिकल्पना को स्टीफन क्रैशन ने अपनाया था, जिन्होंने इसे दूसरी भाषा • सीखने के अपने बहुत प्रसिद्ध इनपुट मॉडल में शामिल किया था।
137. (3) भाषा सामग्रियों के शिक्षण के प्रस्तुतीकरण के लिए कार्यविधिक योजना को शिक्षणशास्त्र कहा जाता है।
शिक्षण सामग्री या शिक्षण अधिगम सहायक सामग्री से तात्पर्य है कि पाठ को ठीक से समझाने के लिए शिक्षक जिन सामग्री का प्रयोग करता है।
ठीक उसी प्रकार भाषा शिक्षक की भी सामग्री वह होती हैं, जिसमें भाषा को ठीक से समझाने के लिए शिक्षक जिन सामग्री का प्रयोग करता है उन्हें शिक्षक सामग्री कहते हैं ।
138. (1) व्याकरण अनुवाद विधि को शास्त्रीय विधि के रूप में जाना जाता है।
व्याकरण अनुवाद, विधि में शिक्षण का क्रम : शब्द वाक्य संज्ञा सर्वनाम → विशेषण कारक इस प्रकार होता है। व्याकरण अनुवाद विधि में द्वितीय भाषा का व्याकरण पहले पढ़ाया जाता है। बोलने की अपेक्षा लिखने और पढ़ने पर बल दिया जाता है। मातृभाषा के अवतरणों का द्वितीय भाषा में अनुवाद. कराया जाता है।
139 (1) प्रत्यक्ष विधि में मातृभाषा का प्रयोग बिलकुल भी नहीं किया जाता है।
प्रत्यक्ष विधि के अंतर्गत लक्ष्य भाषा सिखाने के लिए मातृभाषा का प्रयोग नहीं किया जाता है।
इस विधि में विद्यार्थी लक्ष्य भाषा के सीधे संपर्क में आते हैं। यह भाषा – शिक्षण की व्यावहारिक विधि है।
140. (4) अपने सेलफोन में मित्र का नंबर ढूँढ़ने के लिए बारीकी से देखना पड़ेगा तभी जाकर नंबर मिलेगा। क्योंकि हो सकता है कि एक ही नाम से दो लोगों के नंबर हों। या एक ही नंबर के अंक के आस-पास कई नंबर हो । अतः बारीकी से देखना जरूरी है।
141. (1) बच्चे जो शब्द सबसे ज्यादा सुनते हैं वही सबसे ज्यादा सीखते एवं बोलते हैं।
जन्म के बाद, शिशु का मस्तिष्क तेजी से विकसित होता है, और उसका शारीरिक, मानसिक तथा भावनात्मक स्वास्थ्य, सीखने की क्षमता, और वयस्क होने पर उसकी कमाने की क्षमता और सफलता को भी प्रभावित करता है। सबसे शुरुआती वर्ष (0 से 8 वर्ष) बच्चे के विकास के सबसे महत्वपूर्ण वर्ष होते हैं।
142. (4) संप्रेषणात्मक उपागम के अंतर्गत सावधानीपूर्वक चयनित और स्तरवार सामग्रियों का इस्तेमाल किया जाता है।
भाषा शिक्षण का सम्प्रेषणात्मक उपागम संदर्भ में भाषा प्रयोग की कुशलता पर बल देता है।
143. (1) आकलन के उत्तर की समरूपता का स्तर और जब इस आकलन उपकरण का उन्हीं व्यक्तियों या उसी समूह के साथ ” पुनः इस्तेमाल किया जाए तो उससे प्राप्त विवरणों का स्तर समान होने पर शोधं – सांख्यिकीय विचार में विश्वसनीयता कही जाती है।
144. (4) उपचारात्मक शिक्षण निदानात्मक परीक्षण के बाद दिया जाता है।
उपचारात्मक शिक्षण एक प्रकार का शिक्षण या अनुदेशात्मक कार्य होता है जिसे किसी एक विद्यार्थी या विद्यार्थियों के समूह को किसी विषय विशेष या प्रकरण विशेष से संबंधित किसी विशेष ‘समस्या या कठिनाई के निवारण हेतु प्रयोग में लाया जाता है। उपचारात्मक शिक्षण का मुख्य आधार निदानात्मक प्रक्रिया होती है।
145. (1) आमतौर पर इस्तेमाल किया जाने वाला संक्षिप्ताक्षर नाम BICS मौखिक संचार के लिए इस्तेमाल की जाने वाली सामाजिक संप्रेषणीय भाषा का वर्णन करता है।
सामाजिक भाषा के रूप में भी वर्णित, इस प्रकार का संचार श्रोता को कई संकेत प्रदान करता है और संदर्भ से जुड़ी भाषा है।
आमतौर पर विभिन्न भाषाई पृष्ठभूमि के छात्रों को संदर्भ से जुड़ी सामाजिक भाषा को आसानी से समझने में लगभग दो साल लगते हैं।
अंग्रेजी भाषा के अधिगमकर्ता सामाजिक भाषा को निम्न प्रकार से समझ सकते हैं:
i. वक्ताओं के गैर-मौखिक व्यवहार ( हावभाव, चेहरे के भाव और आँखों की क्रियाओं) का अवलोकन करना;
ii. दूसरों की प्रतिक्रियाओं का अवलोकन करना;
iii. ध्वनि संकेतों का उपयोग करना जैसे कि वाक्यांश, स्वर और तनाव;
iv. चित्रों, मूर्त वस्तुओं और अन्य प्रासंगिक संकेतों का अवलोकन करना जो मौजूद हैं; तथा
v. बयानों को दोहराने के लिए कहना, और/या स्पष्ट करना।
146. (1) त्रुटियाँ शिक्षार्थियों के लिए अधिगम के क्षेत्र और प्रतिपुष्टि का रूप भी है।
जब कोई शिक्षार्थी किसी विषय में विशेषज्ञता प्राप्त नहीं कर सकता है, तो वह त्रुटियाँ करने के लिए कमजोर है।
त्रुटियाँ सीखने के दौरान किसी बच्चे द्वारा गलतियाँ किए जाने के अलावा कुछ भी नहीं है। यह पहले आत्मसातीकरण और नए समायोजित ज्ञान में असंतुलन के कारण भी होता है।
147. (2) वे गतिविधियाँ जिनमें चलना-उछलना, तरह-तरह की शारीरिक क्रियाएँ करना शामिल है, शारीरिक गतिविधियां कहलाती हैं।
शारीरिक गतिविधि कम से कम मध्यम गति से तीव्रतर होनी चाहिए।
प्रत्येक सप्ताह तीन दिन, शारीरिक गतिविधि में सशक्त तीव्रता वाली शारीरिक गतिविधि और मांसपेशियों और हड्डियों को मजबूत करने वाली गतिविधियाँ शामिल होनी चाहिए।
यह जीवनशैली गतिविधि, संरचित व्यायाम, सक्रिय खेल या खेल के माध्यम से हासिल किया जा सकता है।
148. (1) वायगोत्स्की के अनुसार उसकी माँ उसे सहारा दे रही है। क्योंकि वह शिक्षण का काम कर रही है और उससे संबन्धित कार्य में भी सक्षम है, लेकिन अपनी माँ के सहारे । अतः इसमें सहारे का पुट शामिल है।
149. (2) कार्य आधारित गतिविधियों में संलग्न करके किसी बच्चे की भाषा दक्षता विकसित की जा सकती है।
150. (3) शरीरी – भाषा, हावभाव और टकटकी लगाकर देखना मौखिक सम्प्रेषण का उदाहरण है।
मौखिक संप्रेषण का अर्थ है आमने-सामने मौखिक बातचीत करके सूचनाओं का आदान प्रदान करना। यह संप्रेषण प्रत्यक्ष व्यक्तिगत वार्तालाप के द्वारा भी किया जा सकता है और अप्रत्यक्ष व्यक्तिगत वार्तालाप के द्वारा भी। दूसरी पद्धति में सन्देश प्रेषक टेलीफोन तथा मोबाइल जैसे उपकरणों का प्रयोग करता है।
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